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सैनिक स्कूल घोड़ाखाल ने एक बार फिर यूपीएससी एनडीए लिखित परीक्षा 2024 में मारी बाजी

सैनिक स्कूल घोड़ाखाल एक बार फिर देश भर के 33 सैनिक स्कूलों के बीच प्रतिष्ठित राष्ट्रीय रक्षा अकादमी (एनडीए) लिखित परीक्षा में शीर्ष प्रदर्शन करने वाला स्कूल बनकर उभरा है।

सैनिक स्कूलों का प्राथमिक उद्देश्य छात्रों को राष्ट्रीय रक्षा अकादमी (एनडीए) और भारतीय नौसेना अकादमी (आईएनए) में प्रवेश के लिए शैक्षणिक, मानसिक और शारीरिक रूप से तैयार करना है। सैनिक स्कूल भारतीय सशस्त्र बलों के भावी नेताओं को आकार देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। सैनिक स्कूल घोड़ाखाल एक संरचित और कठोर ढांचा प्रदान करता है जो युवा उम्मीदवारों को सेना में करियर के लिए तैयार करता है। सैनिक स्कूल घोड़ाखाल अपनी स्थापना के बाद से ही एनडीए प्रविष्टियों में महत्वपूर्ण योगदान देता रहा है।

स्कूल को 9 बार रक्षा मंत्री ट्रॉफी का गौरव प्राप्त हुआ है और जल्द ही इसके खाते में 10वीं ट्रॉफी होगी। सैनिक स्कूल घोड़ाखाल एक बार फिर देश भर के 33 सैनिक स्कूलों के बीच प्रतिष्ठित राष्ट्रीय रक्षा अकादमी (एनडीए) लिखित परीक्षा में शीर्ष प्रदर्शन करने वाला स्कूल बनकर उभरा है। सैनिक स्कूल घोड़ाखाल के कैडेटों ने अनुकरणीय समर्पण और शैक्षणिक उत्कृष्टता का प्रदर्शन करते हुए इस प्रतिस्पर्धी परीक्षा में सबसे अधिक संख्या में सफल उम्मीदवारों को शामिल किया, जिसमें कुल 60 कैडेट (वर्तमान में 28 और पिछले बैच से 32) ने यूपीएससी, एनडीए लिखित परीक्षा उत्तीर्ण की। यह उपलब्धि सशस्त्र बलों के लिए भविष्य के अफ़सरों को तैयार करने की स्कूल की विरासत की पुष्टि करती है और समग्र शिक्षा और कठोर प्रशिक्षण के प्रति संस्थान की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।

ग्रुप कैप्टन विजय सिंह डंगवाल, प्रिंसिपल, सैनिक स्कूल घोड़ाखाल ने इसे मील का पत्थर बताया है उन्होंने कहा कि यह सबके सामूहिक प्रयास से ही सफल हो पाया है। इसके लिए उन्होंने सभी योग्य कैडेटों, संकाय और कर्मचारियों को बधाई दी और कैडेटों को अपना अंतिम लक्ष्य हासिल करने तक केंद्रित रहने की सलाह दी।

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