Home उत्तराखंड न्यूज़ चमोली की मानसी नेगी ने जीता गोल्ड, 10 किमी वॉक रेस में तोड़ा नेशनल रिकॉर्ड
उत्तराखंड न्यूज़ताज़ा ख़बरदेहरादून

चमोली की मानसी नेगी ने जीता गोल्ड, 10 किमी वॉक रेस में तोड़ा नेशनल रिकॉर्ड

चमोली की मानसी नेगी ने 37वीं नेशनल जूनियर एथलेटिक्स चैंपियनशिप की 10 किमी रेस वॉक प्रतिस्पर्धा में नेशनल रिकॉर्ड अपने नाम करते हुए स्वर्ण पदक जीता है। मानसी नेगी उत्तराखंड की सीमांत जनपद चमोली की रहने वाली है। मजोठी गांव की मानसी नेगी का जीवन काफी संघर्षशील रहा है।

उत्तराखंड की बेटी मानसी नेगी ने एक बार फिर से परचम लहराया है। मानसी नेगी ने 37वीं नेशनल जूनियर एथलेटिक्स चैंपियनशिप के तहत 10 किमी रेस वॉक प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीता है। मानसी ने गुवाहाटी असम में चल रही 37वीं नेशनल जूनियर एथलेटिक्स चैंपियनशिप में 10 किमी रेस वॉक प्रतियोगिता में नेशनल रिकॉर्ड तोड़कर, स्वर्ण पदक जीतने पर देवभूमि का नाम रौशन किया है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चमोली निवासी मानसी नेगी द्वारा 37वीं नेशनल जूनियर एथलेटिक्स चैंपियनशिप की 10 किमी रेस वॉक प्रतिस्पर्धा में नेशनल रिकॉर्ड अपने नाम करते हुए स्वर्ण पदक जीतने पर हार्दिक बधाई दी है। मुख्यमंत्री ने कहा की मानसी नेगी की यह स्वर्णिम सफलता देवभूमि उत्तराखंड के अनेक नवोदित खिलाड़ियों को प्रेरित करेगी।

मानसी नेगी उत्तराखंड की सीमांत जनपद चमोली की रहने वाली है। दशोली विकासखंड स्थित मजोठी गांव की मानसी नेगी का जीवन काफी संघर्षशील रहा है। चमोली के कोठियाल सैंण कस्बे मे मोटर वर्कशॉप चलाने वाले मानसी के पिता लखपत सिंह नेगी का कई साल पहले निधन हो गया था। जिसके बाद से मानसी की मां ने ही गोपेश्वर में रहकर मानसी का पालन पोषण किया।

मानसी नेगी देहरादून के महाराणा प्रताप स्पोटर््स कालेज में कोच अनूप बिष्ट से प्रशिक्षण ले रही हैं। मानसी ने इससे पहले कई पदक जीत चुकी है। मानसी नेगी ने इसी साल जून महीने में गुजरात में आयोजित 20वीं नेशनल फेडरेशन कप जूनियर एथलेटिक्स की 10 किलोमीटर रेस वॉकिंग स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीता था। मानसी के कोच अनूप बिष्ट का कहना है कि बचपन से ही लगनशील और मेहनती है। उन्होंने कहा कि मानसी ने अपनी कड़ी मेहनत से यह मुकाम हासिल किया है।

Written by
Hill Mail

हिल-मेल का प्रयास जनमानस की आवाज को सही स्तर तक पहुंचाना है। हमने कोशिश की है कि हिल-मेल पहाड़ से जुड़े जनमानस के बीच एक मंच और एक अभियान के रूप में आगे बढ़े। हिल-मेल प्रयत्न कर रहा है कि हिमालय के आंचल में रोजाना की घटने वाली सामाजिक, आर्थिक, राजनीतिक, धार्मिक और दैवीय घटनाओं की जानकारी जल्दी से जल्दी लोगों को मिलती रहे।

Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

HillMail Magazine – September 2026

HillMail Sep 2026
पत्रिकाओं के सभी अंक देखें

Related Articles

भाजपा छोड़ कांग्रेस में शामिल हुए रामशरण नौटियाल, जुबिन नौटियाल के पिता हैं पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष

उत्तराखंड की राजनीति में सोमवार को एक अहम घटनाक्रम सामने आया। देहरादून...

उत्तराखंड में अगले चार महीने में 2000 पदों पर भर्ती की तैयारी, UKSSSC का परीक्षा कैलेंडर जारी

उत्तराखंड में सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए महत्वपूर्ण...