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गैरसैंण में विधानसभा भवन का शिलान्यास

मकर संक्रांति के पर्व पर ऐतिहासिक विधानसभा भवन के शिलान्यास के साथ ही गैरसैंण के विकास का नया अध्याय भी शुरू हुआ। 14 जनवरी 2013 को उल्लास और जश्न के बीच विधानभवन की आधारशिला रखे जाने पर लोगों ने खुशियां मर्नाइं। गैरसैंण इंटर कालेज के ग्राउंड में उत्तराखंड विधानसभा के भवन का अपार जनसमूह के बीच शिलान्यास किया गया।

वेद मंत्रोच्चारण और पूजा-अर्चना के बीच विधानसभा अध्यक्ष गोविंद सिंह कुंजवाल की अध्यक्षता में हुए कार्यक्रम में जब बतौर मुख्य अतिथि मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा ने शिलापट्ट का शिलान्यास किया तो मौजूद लोगों ने इस ऐतिहासिक भवन का श्रीगणेश होने पर करतल ध्वनि से इस कार्यक्रम का स्वागत किया।

इस मौके पर पौड़ी सांसद सतपाल महाराज, अल्मोड़ा सांसद प्रदीप टम्टा, नेता प्रतिपक्ष अजय भट्ट, डिप्टी स्पीकर डा. अनुसूया प्रसाद मैखुरी, काबीना मंत्री यशपाल आर्य, डा. हरक सिंह रावत, अमृता रावत, प्रीतम सिंह पंवार, दिनेश अग्रवाल, सुरेंद्र सिंह नेगी समेत तमाम गणमान्य नागरिक व अधिकारी मौजूद थे।

मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा ने कहा है कि राजधानी के मसले पर अभी विवाद पैदा नहीं किया जाना चाहिए। उनका कहना था कि गैरसैंण विधानसभा भवन का निर्माण राज्य आंदोलन की मूल भावना के तहत किया जा रहा है। इसलिए इस शुरूआत को सकारात्मक रूप में लिया जाना चाहिए। गैरसैंण में विधान भवन के शिलान्यास के बाद आयोजित समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि गैरसैंण विधानसभा भवन के निर्माण से पहाड़ों में विकास के नये युग का सूत्रपात होगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि दो वर्ष के भीतर विधानभवन का निर्माण पूरा हो जाएगा। उन्होंने कहा कि एक विधानसभा सत्र गैरसैंण भी में संचालित होने से पहाड़ी क्षेत्रों के विकास को बल मिलेगा। अब पहाड़ों में पानी, सड़क, स्कूल, अस्पताल, रोजगार के बुनियादी मसलों के निराकरण की अभिनव शुरूआत भी की जा रही है।

हिलमेल ब्यूरो

Written by
Y S Bisht

लखनऊ यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएशन करने के बाद कई टीवी प्रोग्राम के लिए काम किया। एशिया डिफेंस न्यूज़ इंटरनेशनल (अडनी) से जुड़े। यह एजेंसी हिंदी, अंग्रेजी, उर्दू, मणिपुरी और असमिया में अपनी सेवाएं देती है। इसके अलावा एशिया डिफेंस न्यूज के नाम से एक मासिक पत्रिका भी निकालती थी। वर्ष 2013 में जनसरोकारों से जुड़े मुद्दों को लेकर हिल-मेल वेबसाइट शुरू की। फरवरी 2016 से हिल-मेल में बतौर संपादक कार्यरत। मूल रूप से पौड़ी गढ़वाल के निवासी हैं।

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