कोरोना से लड़ाई, एक महीने की सैलरी पीएम राहत कोष में देंगे निशंक

कोरोना से लड़ाई, एक महीने की सैलरी पीएम राहत कोष में देंगे निशंक

कोराना वायरस के खिलाफ भारत ने 21 दिनों की जंग छेड़ी है। ऐसे में सरकार के प्रयासों में मदद के लिए कई जानीमानी हस्तियां भी आगे आ रही हैं। अब हरिद्वार के सांसद और केंद्रीय मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक ने एक महीने की सैलरी पीएम राहत कोष में देने का फैसला किया है।

कोराना वायरस के संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए 21 दिनों के लॉकडाउन के दौरान गरीबों की मदद और अन्य चिकित्सकीय सुविधाओं के लिए लोग सहयोग के लिए आगे आ रहे हैं। आम लोगों, फिल्मी सितारों, खेल जगत की हस्तियों के साथ ही नेता भी अपना सहयोग दे रहे हैं। उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री, हरिद्वार से सांसद और केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक ने अपनी एक महीने की सैलरी प्रधानमंत्री राहत कोष में देने का ऐलान किया है।

डॉ. निशंक ने ट्वीट कर लिखा, ‘कोरोना वायरस के वैश्विक संकट के दौर में इस जानलेवा बीमारी से जंग लड़ने के लिए आर्थिक सहयोग के रूप में मैं अपना एक महीने का वेतन प्रधानमंत्री राहत कोष में सहयोग राशि के रूप में जमा कर रहा हूं। जरूरत पड़ने पर व्यक्तिगत स्तर पर आगे और भी यथासंभव सहयोग करने की कोशिश करूंगा। मेरा सभी देशवासियों से निवेदन है कि आप भी इस कोष के माध्यम से देश को कोरोना मुक्त बनाने में अपना आर्थिक सहयोग प्रदान कीजिए।’

केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने भी अपना एक महीने का वेतन प्रधानमंत्री राहत कोष में दान दे दिया है। कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद ने कहा है कि वह कोरोना वायरस से निपटने में उनके संसदीय क्षेत्र के लिए अपनी सांसद निधि से एक करोड़ रुपये जारी कर रहे हैं।

कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने भी अपनी संसदीय सीट वायनाड के लिए अपनी सांसद निधि से 2.66 करोड़ देने का फैसला लिया है। उन्होंने वायनाड में आवश्यक चिकित्सा उपकरणों की खरीद के लिए जिला कलेक्टर को सांसद निधि से यह धनराशि जारी करने का आग्रह किया है।

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