Sunday , 6 September 2026
Home स्पेशल उत्तरकाशी: जन्मदिन पर पिता को N95 मास्क गिफ्ट करना चाहती थी बेटी, डीएम ने घर भिजवाया
स्पेशल

उत्तरकाशी: जन्मदिन पर पिता को N95 मास्क गिफ्ट करना चाहती थी बेटी, डीएम ने घर भिजवाया

देशभर में कोरोना वायरस संक्रमण के चलते लॉकडाउन चल रहा है। केंद्र सरकार ने लॉकडाउन की मियाद तीन मई तक बढ़ा दी है। देश में कहीं भी आनेजाने पर पूरी तरह रोक है। यही नहीं तमाम तरह की सेवायें भी स्थगित हैं। कोरोना का संक्रमण रोकने के लिए कई लोग दिनरात काम कर रहे हैं। ऐसे मुश्किल के समय में कई ऐसी कहानियां सामने आती हैं, जो ये भरोसा जगाती हैं कि समाज में बहुत कुछ ऐसा है, जिसका अनुसरण करना चाहिए।  जिसे दूसरों को बताना चाहिए, ताकि ये सिलसिला लंबा होता जाए। एक ऐसी ही कहानी उस उत्तरकाशी से भी सामने आई है, जिसने अपने यहां कोरोना के संक्रमण को घुसने ही नहीं दिया है। यह जिला देश के उन 325 जिलों में शामिल है, जिन्हें ग्रीन जोन में रखा गया है। यानी यहां अभी तक कोरोना संक्रमण का कोई मामला सामने नहीं आया है।

उत्तरकाशी की साक्षी नेगी रावत अपने पति के साथ बेंगलुरू में रहती हैं। वहीं उनके पिता त्रेपन सिंह नेगी उत्तरकाशी जिला अस्पताल में चीफ फार्मासिस्ट के तौर पर काम करते हैं। इन दिनों कोरोना का खौफ पूरी दुनिया पर छाया हुआ है, साक्षी को भी अपने पिता को लेकर चिंता होना स्वाभाविक है, क्योंकि उनके पिता अस्पताल में काम करते हैं, लिहाजा उनका लगातार ऐसे लोगों के संपर्क में आना सामान्य बात है, जिनमें कोरोना वायरस के लक्षण हो सकते हैं। साक्षी इसी को लेकर चिंतित थीं। 16 अप्रैल को उनके पिता का जन्मदिन था, ऐसे में साक्षी ने सोचा कि वह हर साल तो अपने पिता को कुछ न कुछ गिफ्ट भिजवाती हैं, क्यों न पापा को इस बार एक एन95 मास्क गिफ्ट किया जाए। इस समय उन्हें मास्क की ही सबसे ज्यादा जरूरत है। इससे उन्हें अस्पताल में कोरोना संक्रमण में बचने में मदद मिलेगी। इसके लिए उन्होंने देहरादून में कुछ ऑनलाइन सप्लायर से बात की, लेकिन लॉकडाउन का हवाला देकर सभी ने हाथ खड़े कर दिए।

 

यह भी देखें – कोरोना के खिलाफ उत्तराखंड की लड़ाई में ‘उत्तरकाशी मॉडल’ बेहतरीन

साक्षी नेगी रावत आयुर्वेद में एमडी हैं। उन्होंने बेंगलुरू से हिल-मेल से हुई बातचीत में बताया कि वह डीएम आशीष चौहान को  पर्सनली नहीं जानती हैं लेकिन उनके कामकाज के बारे में काफी सुना है। जब वह लॉकडाउन के चलते पिता को  एन95 मास्क नहीं पहुंचा पाई तो उन्होंने तीन-चार दिन पहले उत्तरकाशी के जिलाधिकारी आशीष चौहान से सोशल मीडिया के जरिये संपर्क साधा। उन्होंने पिता के बारे में जानकारी दी और पूछा कि क्या वह उसकी तरफ से उनके पिता को जन्मदिन पर एन95 मास्क गिफ्ट दे सकते हैं। डीएम आशीष चौहान की तरफ से 16 अप्रैल की सुबह साक्षी को फोन कर पिता का नंबर और अन्य जानकारी ली गई। शाम चार बजे त्रेपन सिंह नेगी को एन95 मास्क पहुंचा दिया गया। वह जिला अस्पताल से पांच किलोमीटर दूर गंगोरी में रहते हैं। मास्क उन्हें घर पर ही पहुंचा गया। बेटी के अनुरोध पर डीएम की तरफ से मिले इस तोहफे से त्रेपन सिंह भी गदगद है। यह तोहफा उन्हें अबतक मिले तोहफों में सबसे ‘नायाब’ जो था। हिल-मेल ने जब त्रेपन सिंह नेगी से बात की तो वह अस्पताल में रात की ड्यूटी पर थे। उन्होंने कहा, जब उन्हें डीएम की तरफ से मास्क मिला तो बहुत अच्छा लगा। यह उत्तरकाशी के जिलाधिकारी के काम करने के तरीके को बताया है।

 

वैसे तो पूरे उत्तराखंड में कोरोना वायरस को सीमित रखने में काफी हद तक सफलता मिली है लेकिन उत्तरकाशी जिले की खूब चर्चा हो रही है। क्वारंटीन, सैंपलिग, बुनियादी ढांचा हो लॉजिस्टिक, ऑनलाइन रिपोर्टिंग, प्रशिक्षण, क्यूआरटी, बीआरटी आदि मानकों को लेकर उत्तरकाशी में चल रहे अभियान को शानदार माना गया है। राज्य सरकार ने 50 में से 49 नंबर उत्तरकाशी जिले को दिए हैं।

Written by
Hill Mail

हिल-मेल का प्रयास जनमानस की आवाज को सही स्तर तक पहुंचाना है। हमने कोशिश की है कि हिल-मेल पहाड़ से जुड़े जनमानस के बीच एक मंच और एक अभियान के रूप में आगे बढ़े। हिल-मेल प्रयत्न कर रहा है कि हिमालय के आंचल में रोजाना की घटने वाली सामाजिक, आर्थिक, राजनीतिक, धार्मिक और दैवीय घटनाओं की जानकारी जल्दी से जल्दी लोगों को मिलती रहे।

1 Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Articles