Friday , 4 September 2026
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केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने गायत्री परिवार के स्वर्ण जयंती कार्यक्रम में की शिरकत, कहा भौतिक संसाधन तो डॉक्टर, इंजीनियर भी जुटा लेते हैं, लेकिन वास्तविक शान्ति आध्यात्मिकता से मिलती है

केंद्रीय गृह मंत्री ने समारोह को सम्बोधित करते हुये कहा कि गायत्री परिवार ने सनातन धर्म का पूरे विश्व में प्रचार-प्रसार किया। उन्होंने कहा कि गायत्री परिवार अपना स्वर्ण जयन्ती महोत्सव मना रहा है तथा देश आजादी का अमृत महोत्सव मना रहा है। उन्होंने कहा कि अच्छे कार्य होते हैं तो देश की संस्कृति को ऊर्जा मिलती है। हम ऐसी गतिविधियों का हमेशा समर्थन करते हैं। अमित शाह ने कहा कि हम बदलेंगे तो युग बदलेगा। इससे आशावाद की भावना मजबूत होती है। इससे विश्वास होता है कि युग परिवर्तन का रास्ता यही है, यहीं से हम गन्तव्य तक पहुंच सकते हैं।

अमित शाह ने कहा कि करोड़ों गायत्री मंत्रों के उच्चारण से यहां दिव्य वातावरण बना है। इससे आनन्द व उत्साह दोनों बढ़ता है। विश्वविद्यालय में अध्ययनरत विद्यार्थिंयों की ओर इशारा करते हुए कहा कि आप सभी सौभाग्यशाली हैं कि आपको यहां अध्ययन करने का अवसर मिला है। भौतिक संसाधन तो डॉक्टर, इंजीनियर आदि भी जुटा लेते हैं, लेकिन वास्तविक शान्ति आध्यात्मिकता से जुड़ने से ही मिल सकती है।

गृह मंत्री ने आचार्य राम शर्मा का उल्लेख करते हुए कहा कि उन्होंने अपना पूरा जीवन का कालखंड गायत्री मंत्र को घर-घर तक पहुंचाने में लगा दिया। इसमें उनका बहुत बड़ा योगदान है। उन्होंने गायत्री मंत्र के 24 अक्षरों का उल्लेख करते हुए कहा कि गायत्री मंत्र के 24 अक्षर, 24 सद्ग्रन्थियों को जाग्रत करते हैं, जो हमें देवत्व की ओर ले जाते हैं। उन्होंने गायत्री मंत्र के महत्व का उल्लेख करते हुए कहा कि दिव्य गायत्री मंत्र का शुद्ध उच्चारण करने से यह आपको देवत्व की ओर ले जा सकता है। मैं चार साल की आयु से गायत्री मंत्र का जाप कर रहा हूं।

उन्होंने ज्ञान का जिक्र करते हुए कहा कि संगीत, गणित आदि ज्ञान है, लेकिन उस ज्ञान का प्रयोग अगर स्व से समग्र की ओर करते हैं, तो बस वही सही ज्ञान है। उन्हांने कहा कि मानव जीवन की मूल भावना करूणा है। ईश्वर ने हम सबको समान क्षमता व समान सद्ग्रन्थियां दी हैं, लेकिन आवश्यकता उन्हें जाग्रत करने की है। उन्होंने कहा कि गायत्री मंत्र का वेद सम्मत उच्चारण करने से जीवन में परिवर्तन आ जाता है। उन्होंने कहा कि आचार्य श्रीराम शर्मा जी द्वारा सद् संकल्पों को संकलित करने में बहुत बड़ा योगदान है।

आजादी का अमृत महोत्सव का जिक्र करते हुए गृह मंत्री ने कहा कि देश की आजादी के लिए हमारे पूर्वजों ने काफी बलिदान दिये। उन्होंने कहा कि आजादी का अमृत महोत्सव संकल्प लेने का वर्ष है। उन्होंने कहा कि हम छोटे-छोटे संकल्प लेकर जैसे पानी बचाना, अन्न की बर्बादी रोकना आदि का संकल्प लेकर भारत को विश्वगुरू के पद पर स्थापित कर सकते हैं। देश में परिवर्तन की शुरूआत हुई है। परिवर्तन को गति तब मिलती है, जब देश का प्रत्येक नागरिक उससे जुड़ता है। आज देश में परिवर्तन दिखाई दे रहा है। केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि देश में हम नई शिक्षा नीति लेकर आये हैं। इससे भविष्य में बहुत बड़ा बदलाव दिखाई देगा।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि गायत्री परिवार महामानव बनाने की टकसाल है, जो व्यक्ति अपनी संस्कृति को भूल जाता है, वह खुद को भी भूल जाता है। उन्होंने कहा कि हम सब लोग मिलकर आने वाले समय में उत्तराखंड को विश्व की आध्यात्मिक और सांस्कृतिक राजधानी के रूप में बनाना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि हमारी संस्कृति का मूल आधार सबका साथ, सबका विकास है। मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2025 में उत्तराखंड 25 वर्ष का हो जाएगा। आने वाले समय में हमें इसके लिए कार्य करना है।

इस अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलाधिपति डाॅ. प्रणव पंडया ने कहा कि यह सौभाग्य का क्षण है कि हम शांतिकुंज की 50वीं सालगिरह मना रहे हैं। उन्हांने बताया कि वर्ष 1971 में शांतिकुंज की स्थापना हुई थी। पंडया ने कहा कि हमने मनुष्य में देवत्व के उदय की परिकल्पना की है। यहां सब परिवार की तरह कार्य करते हैं। उन्होंने कहा कि बड़ी-बड़ी बाधाओं को दूर करते हुए हमने अपनी यात्रा प्रारम्भ रखी है। हम भारत देश को ऐसा देश बनाना चाहते हैं, कि सारा विश्व भारत को नमन करे।

इस अवसर पर केंद्रीय गृह मंत्री को गंगाजलि एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित भी किया गया। इससे पूर्व विश्वविद्यालय परिसर पहुंचने पर अमित शाह, केंद्रीय गृह मंत्री, सहकारिता मंत्री एवं मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का भव्य स्वागत व अभिनन्दन किया गया। केंद्रीय गृह मंत्री, सहकारिता मंत्री ने देव संस्कृति विश्वविद्यालय शान्तिकुंज पहुंचने पर सबसे पहले शौर्य दीवार स्थल पर शहीदों को पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें नमन् किया।

इस अवसर पर देव संस्कृति विश्वविद्यालय के कुलपति, जिलाधिकारी विनय शंकर पाण्डेय, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. योगेन्द्र रावत, गायत्री परिवार के सदस्य, विश्वविद्यालय के छात्रों सहित सम्बन्धित पदाधिकारीगण एवं अधिकारीगण उपस्थित थे।

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Hill Mail

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