प्रदेश में वर्षभर पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए सरकार सीरीज ऑफ इवेंट्स आयोजित करने जा रही है। इसके तहत पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। शीतकालीन चारधाम यात्रा को स्थापित करने के लिए उसे भव्य स्वरूप दिए
प्रदेश में वर्षभर पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए सरकार सीरीज ऑफ इवेंट्स आयोजित करने जा रही है। इसके तहत पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। शीतकालीन चारधाम यात्रा को स्थापित करने के लिए उसे भव्य स्वरूप दिए जाने की योजना बनायी गई है। यही नहीं मकर संक्रांति को ‘‘हिटो पहाड़ दिवस’’ व फूलदेई त्योहार को ‘‘राज्य पुष्प दिवस’ के रूप में मनाए जाने का निर्णय लिया गया है।
शीतकाल में पर्यटकों की आवक को बढ़ाने के लिए आवास, भोजन व यातायात में 30 प्रतिशत तक विशेष छूट दिए जाने की योजना बनायी जा रही है। देश-विदेश में उत्तराखंड में पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए 24 नवम्बर को ‘‘सेलिब्रेट सेफ उत्तराखंड’ का आयोजन किया जाएगा।
एक बैठक कर मुख्यमंत्री हरीश रावत ने अधिकारियों को निर्देश दिये कि चारधाम यात्रा की सफलता के बाद अब विश्व में यह संदेश जाना जरूरी है कि उत्तराखंड में सर्दियों में भी पर्यटन की उतनी ही संभावनाएं है जितनी की गर्मियों के मौसम में होती है। इसलिए 24 नवम्बर को ‘‘सेलिब्रेट सेफ उत्तराखण्ड’ के तौर पर आयोजित किया जाएगा। इसमें सभी संबंधित स्टेक हॉल्डर्स का भी सहयोग लिया जाएगा।
जब चारों धाम के कपाट विधिविधान के साथ बंद होते हैं और केदारनाथ, बदरीनाथ, गंगोत्री व यमुनोत्री से डोलियां इनके शीतकालीन प्रवास स्थलों की ओर रवाना होती हैं, मंदिर समिति के सहयोग से इन डोली यात्राओं को उनके पारम्परिक रूप के साथ ही भव्यता से आयोजित किया जाएगा। इनका व्यापक प्रचार प्रसार किया जाए, ताकि देश विदेश के श्रद्धालु व पर्यटक इन यात्राओं में शामिल हो सकें। साथ ही इनके शीतकालीन प्रवास स्थलों के बारे में भी लोगों को बताया जाएगा।
शीतकालीन चारधाम यात्रा को बढ़ावा देने के लिए एक नवम्बर से 24 नवम्बर तक पर्यटकों को आवास, भोजन व यातायात में 30 प्रतिशत तक विशेष छूट दिए जाने की योजना तैयार की जाए। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि जागेश्वर व मदमहेश्वर में भी पर्यटन विभाग विभिन्न कार्यक्रम आयोजित करे और यहां भी पर्यटकों को 30 प्रतिशत छूट दी जाएगी।
अप्रवासी उत्तराखंडियों को प्रेरित करने के लिए मकर संक्रांति को हिटो पहाड़ दिवस के रूप में मनाया जाएगा। इस दिन मकर संक्रांति के महत्वपूर्ण स्थलों पर विशेष आयोजन किए जाएगे। अप्रवासी उत्तराखंडियों को इन स्थलों पर कम से कम तीन दिन रुकने का ऑफर दिया जाए और उन्हें दिल्ली से यहां तक यातायात में 30 प्रतिशत छूट दी जाएगी।
उन्होंने कहा कि आगामी अर्धकुम्भ से पहले लगातार सीरीज ऑफ इवेंट्स आयोजित किए जाएंगे। इसमें संस्कृति, योग आदि विभिन्न कार्यक्रम किए जा सकते हैं। उन्होंने खेल विभाग को निर्देश दिए कि इसी श्रंखला में सबसे पहले नवरात्रि के दो दिन बाद ऋषिकेश के त्रिवेणीघाट से हरिद्वार के वीआईपी घाट तक मैराथन दौड़ आयोजित की जाए। इसमें प्रोफेशनल धावकों के साथ ही स्कूली बच्चों की भी भागीदारी कराई जाएगी।
हरीश रावत ने निर्देश दिए कि फूलदेई त्योहार को राज्य पुष्प दिवस के तौर पर बड़े पैमाने पर आयोजित किया जाएगा। उद्यान विभाग व पर्यटन विभाग द्वारा संयुक्त रूप से इसे आयोजित किया जाएगा। प्रयास इस प्रकार के किए जाएं कि इससे बुरांश सहित हमारे यहां के फूलों की जानकारी भी पर्यटकों को हो और पुष्प पर्यटन को बढ़ावा मिले। कोशिश ये है कि ये संदेश पर्यटकों में जाना चाहिए कि अप्रैल से पहले भी उत्तराखंड में बहुत कुछ है जो पर्यटकों से अनछुआ रह गया है।
कोटद्वार में कण्व आश्रम को पर्यटन की मुख्य गतिविधियों में शामिल किए जाने की आवश्यकता है। यहां के इतिहास पर डाक्यूमेंट्री बनवाई जाएगी और मल्टीप्लैक्सों में चलाया जाए। कण्वाश्रम को काब्रेट पार्क के साथ लिंक किया जाएगा। कोशिश है कि 2013 की आपदा के बाद पटरी से उतर चुके उद्योग को एक बार फिर से अपने चरम पर पहुँचाया जाए ।
हिलमेल ब्यूरो







Leave a Comment
Your email address will not be published. Required fields are marked with *