Friday , 4 September 2026
Home ताज़ा ख़बर भारतीय तटरक्षक के 25वें महानिदेशक बने राकेश पाल
ताज़ा ख़बरहमारी फ़ौज

भारतीय तटरक्षक के 25वें महानिदेशक बने राकेश पाल

भारतीय तटरक्षक (आईसीजी) के 25वें महानिदेशक के रूप में राकेश पाल को नियुक्त किया गया है। वह भारतीय नौसेना अकादमी के पूर्व छात्र हैं और जनवरी 1989 में भारतीय तटरक्षक बल में शामिल हुए थे। उन्होंने कोच्चि के भारतीय नौसेना स्कूल द्रोणाचार्य से गोलाबारी (बंदूक या तोप चलाने की विद्या) और हथियार प्रणालियों में पेशेवर विशेषज्ञता हासिल की है। इसके साथ ही उन्होंने यूनाइटेड किंगडम से इलेक्ट्रो-ऑप्टिक्स फायर कंट्रोल सॉल्यूशन कोर्स किया है। इन्हें आईसीजी का प्रथम गनर होने का गौरव हासिल है।

राकेश पाल ने 34 वर्षों से अधिक के अपने शानदार करियर में कई अहम पदों पर काम किया है। उन्होंने जिन अहम पदों पर काम किया उनमें प्रमुख हैं कमांडर तटरक्षक क्षेत्र (उत्तर पश्चिम), गांधीनगर, उप महानिदेशक (नीति और योजनाएँ), और नई दिल्ली में तटरक्षक मुख्यालय में अपर महानिदेशक, तटरक्षक का पद। इसके अलावा, उन्होंने निदेशक (इन्फ्रा एवं वर्क्स), तटरक्षक मुख्यालय, नई दिल्ली में प्रधान निदेशक (प्रशासन) जैसे विभिन्न प्रतिष्ठित पदों पर जिम्मेदारियां निभाई हैं। उन्हें विशाल समुद्री क्षेत्र का गहन अनुभव है।

उन्होंने आईसीजी जहाजों की सभी श्रेणियों जैसे आईसीजीएस समर्थ, आईसीजीएस विजित, आईसीजीएस सुचेता कृपलानी, आईसीजीएस अहिल्याबाई, और आईसीजीएस सी-03 की कमान संभाली है। राकेश पाल ने गुजरात में अग्रिम क्षेत्र के दो तटरक्षक अड्डों – ओखा और वाडिनार की भी कमान संभाली है।

राकेश पाल को फरवरी 2022 में अपर महानिदेशक के पद पर पदोन्नत किया गया और उन्हें तटरक्षक मुख्यालय, नई दिल्ली में तैनात किया गया। उन्हें फरवरी 2023 में महानिदेशक तटरक्षक का अतिरिक्त प्रभार दिया गया था। इस अवधि के दौरान, कई महत्वपूर्ण ऑपरेशन और कार्यवाहियां पूरी की गईं जिनमें करोड़ों रुपये के ड्रग्स/मादक पदार्थों और सोने की जब्ती, गंभीर चक्रवाती तूफानों के दौरान नाविकों का बचाव, विदेशी तटरक्षकों के साथ संयुक्त अभ्यास, अवैध शिकार विरोधी अभियान, चक्रवात/प्राकृतिक आपदाओं के दौरान मानवीय सहायता और तटीय सुरक्षा अभ्यास शामिल हैं।

राकेश पाल को उनकी शानदार सेवा के लिए 2013 में तटरक्षक पदक और 2018 में राष्ट्रपति तटरक्षक पदक से सम्मानित किया गया था।

Written by
Hill Mail

हिल-मेल का प्रयास जनमानस की आवाज को सही स्तर तक पहुंचाना है। हमने कोशिश की है कि हिल-मेल पहाड़ से जुड़े जनमानस के बीच एक मंच और एक अभियान के रूप में आगे बढ़े। हिल-मेल प्रयत्न कर रहा है कि हिमालय के आंचल में रोजाना की घटने वाली सामाजिक, आर्थिक, राजनीतिक, धार्मिक और दैवीय घटनाओं की जानकारी जल्दी से जल्दी लोगों को मिलती रहे।

Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Articles