12 से अधिक लोगों से पूछताछ, तीसरे नामजद आरोपी की तलाश में जुटी पुलिस, जिले के सल्ली क्षेत्र में नाबालिग छात्रा से जुड़ा मामला लगातार सुर्खियों में बना हुआ है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने अब इसकी जांच के लिए विशेष जांच टीम (एसआईटी) का गठन कर दिया है। पुलिस का कहना है कि पूरे घटनाक्रम की निष्पक्ष और गहन जांच की जा रही है ताकि सच्चाई सामने लाई जा सके और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई हो सके।
बीते बुधवार को सल्ली गांव में 16 वर्षीय छात्रा के साथ कथित दुष्कर्म की खबर सामने आने के बाद क्षेत्र में सनसनी फैल गई थी। शुरुआती जांच के बाद पुलिस ने मामले में बड़ा खुलासा करते हुए दावा किया कि कुछ लोगों द्वारा झूठी साजिश रची गई थी। पुलिस ने इस मामले में नामजद आरोपी कमल रावत और उसकी महिला मित्र अर्जिता राय को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। दोनों पर कथित रूप से साजिश रचने और भ्रामक तथ्यों के जरिए माहौल बिगाड़ने का आरोप है।
हालांकि जांच अभी जारी है और पुलिस इस पूरे मामले को कई कोणों से खंगाल रही है। पुलिस अब इस साजिश में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच कर रही है। मामले में नामजद तीसरे आरोपी आनंद सिंह महरा के खिलाफ साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। पुलिस का दावा है कि पर्याप्त और ठोस सबूत मिलते ही उसकी गिरफ्तारी भी जल्द की जाएगी।
एसपी चंपावत रेखा यादव ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए एसआईटी का गठन किया गया है। यह टीम पूरे घटनाक्रम की बारीकी से जांच करेगी ताकि किसी भी तथ्य को नजरअंदाज न किया जाए। उन्होंने कहा कि पुलिस अब तक 12 से अधिक लोगों से पूछताछ कर चुकी है और कई अहम बयान दर्ज किए गए हैं। स्थानीय ग्रामीणों, संबंधित पक्षों और मामले से जुड़े अन्य व्यक्तियों से भी लगातार जानकारी जुटाई जा रही है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार जांच का मुख्य उद्देश्य यह पता लगाना है कि घटना के पीछे वास्तविक परिस्थितियां क्या थीं और क्या सच में किसी संगठित साजिश के तहत यह पूरा घटनाक्रम तैयार किया गया था। इसके अलावा सोशल मीडिया पर फैल रही अफवाहों और भ्रामक सूचनाओं की भी निगरानी की जा रही है ताकि कानून व्यवस्था प्रभावित न हो।
इस प्रकरण के सामने आने के बाद क्षेत्र में लोगों के बीच तरह-तरह की चर्चाएं चल रही हैं। वहीं प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि बिना पुष्टि के किसी भी जानकारी को साझा न करें और जांच पूरी होने तक अफवाहों से बचें। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि जांच पूरी पारदर्शिता और निष्पक्षता के साथ की जाएगी।
अब सभी की निगाहें एसआईटी जांच पर टिकी हैं। आने वाले दिनों में जांच से जुड़े और भी अहम खुलासे सामने आने की संभावना जताई जा रही है।







