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असम राइफल्स ने गर्व और सम्मान के साथ मनाया 191वां स्थापना दिवस

इस अवसर पर असम राइफल्स के महानिदेशक लेफ्टिनेंट जनरल विकास लखेड़ा, ने बल के सभी रैंकों के साथ शिलांग स्थित युद्ध स्मारक पर कर्तव्य की पंक्ति में सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की। अपने संबोधन में महानिदेशक ने उत्तर-पूर्व और जम्मू-कश्मीर में आतंकवाद-रोधी अभियानों में बल के उत्कृष्ट योगदान की सराहना की।

वर्ष 2025–26 के दौरान भी असम राइफल्स ने अपने संचालन में उत्कृष्टता का परिचय दिया है। उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए बल की तीन बटालियनों को चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ यूनिट साइटेशन तथा चार बटालियनों को जनरल ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ यूनिट साइटेशन से सम्मानित किया गया। विशेष रूप से, 8 असम राइफल्स को आर्मी डे 2026 के अवसर पर प्रतिष्ठित ‘ब्रेवेस्ट ऑफ द ब्रेव’ की उपाधि प्रदान की गई।

इसके अतिरिक्त, गणतंत्र दिवस 2026 के अवसर पर असम राइफल्स के जवानों को कई वीरता और सेवा पदकों से सम्मानित किया गया, जिनमें एक कीर्ति चक्र, चार शौर्य चक्र, एक विशिष्ट सेवा पदक तथा बारह सेना मेडल शामिल हैं।

असम राइफल्स आधुनिकरण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को बनाए रखते हुए अत्याधुनिक हथियारों, निगरानी प्रणालियों और सुरक्षात्मक उपकरणों को शामिल कर रही है। परिचालन क्षमता को सुदृढ़ करने पर निरंतर ध्यान देते हुए, यह बल उत्तर-पूर्व क्षेत्र में सुरक्षा और स्थिरता का एक मजबूत स्तंभ बना हुआ है।

जैसे-जैसे यह क्षेत्र विकास और समृद्धि की ओर अग्रसर है, असम राइफल्स स्थानीय लोगों के बीच विश्वास और सुरक्षा की भावना को सुदृढ़ करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। ‘उत्तर-पूर्व के प्रहरी’ के अपने आदर्श वाक्य को कायम रखते हुए, यह बल उभरती चुनौतियों का सामना करने के लिए पूरी तरह तत्पर है।

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Hill Mail

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