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शिक्षा मंत्री ‘निशंक’ ने किया ‘विश्व पुस्तक मेला 2021’ के वर्चुअल संस्करण का उद्घाटन

नेशनल बुक ट्रस्ट द्वारा आयोजित नई दिल्ली विश्व पुस्तक मेला 2021-वर्चुअल संस्करण (6-9 मार्च 2021) वर्चुअल प्लेटफॉर्म www-nbtindia-gov-in/ndwbf21ij पर 24 x 7 उपलब्ध रहेगा। शिक्षा मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक ने नई शिक्षा नीति 2020 की कार्यान्वयन नीति के तहत ट्रस्ट द्वारा प्रकाशित 17 द्विभाषी नई पुस्तकें भी लॉन्च कीं।

नेशनल बुक ट्रस्ट द्वारा विश्व पुस्तक मेले का वर्चुअल आयोजन किया जा रहा है। 6 से 9 मार्च 2021 तक चलने वाले इस मेले के 29वें संस्करण का शिक्षा मंत्री डा. रमेश पोखरियाल ‘निशंक’ ने उद्घाटन किया। इस अवसर पर नेशनल बुक ट्रस्ट के अध्यक्ष गोविंद प्रसाद शर्मा तथा निदेशक युवराज मलिक उपस्थित थे।

ऑनलाइन मोड में आयोजित हो रहे इस विश्व पुस्तक मेले का उद्घाटन करते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री डा. ‘निशंक’ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा कहे गए वाक्य ‘जो पढ़ता हैल वही आगे बढ़ता है’को उद्धृत किया। उन्होंने कहा, मेरा भी यह मानना है कि जिसमें लिखने-पढ़ने और उसको क्रियान्वित करने की क्षमता हो वो अच्छा लीडर हो सकता है, चाहे वह किसी भी क्षेत्र में हो। राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के विषय पर बात करते हुए शिक्षा मंत्री ने कहा, यह नीति लोकल को ग्लोबल स्तर पर ले जाएगी। उन्होंने नेशनल बुक ट्रस्ट को बधाई दी और राष्ट्र को गुणवत्तापूर्ण सामग्री प्रदान करने की दिशा में ट्रस्ट के प्रयासों की सराहना की।

शिक्षा मंत्री ने यह भी कहा कि नई दिल्ली विश्व पुस्तक मेला 2021 का वर्चुअल संस्करण एक स्वागत योग्य कदम है। यह पढ़ने की संस्कृति और किताबों के प्रकाशन से देश को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगा। भाषा केवल शब्द नहीं होते वो विचार हैं, इसलिए मैं यह बताते हुए गर्व महसूस कर रहा हूं कि नई शिक्षा नीति और नेशनल बुक ट्रस्ट ने क्षेत्रीय भाषाओं को आगे लाने का काम किया है। उन्होंने यह भी जोड़ा कि शिक्षा बोझ नहीं है, बच्चे स्वयं अच्छी पुस्तकों की तलाश करते हैं और उन्हें पढ़ते हैं। इस प्रयास में ट्रस्ट एक सराहनीय कार्य कर रहा है।

शिक्षा मंत्री ने नई शिक्षा नीति 2020 की कार्यान्वयन नीति के तहत ट्रस्ट द्वारा प्रकाशित 17 द्विभाषी नई पुस्तकें भी लॉन्च कीं। ये किताबें नई शिक्षा नीति 2020 के दिशा-निर्देशों के अनुसार बच्चों के लिए द्विभाषी संस्करणों की श्रृंखला के तहत द्विभाषी प्रारूप में प्रकाशित की गई हैं। जिनका उद्देश्य बच्चों के लिए उत्कृष्ट पठन सामग्री का निर्माण करना है ताकि उन्हें देश की बहुभाषी संस्कृति के अनुकूल बनाया जा सके।

नेशनल बुक ट्रस्ट के अध्यक्ष प्रो. गोविंद प्रसाद शर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा पुस्तक प्रकाशक है। इस प्रकार यह हमारी प्राथमिकता है कि इन पुस्तकों के माध्यम से हम ऐसी सामग्री का उत्पादन करें जो हमारी समृद्ध संस्कृति और परंपराओं को आगे ले जाए। उन्होंने आगे कहा कि इस वर्ष की विश्व पुस्तक मेला 2021 की थीम राष्ट्रीय शिक्षा नीति है, जिसमें विभिन्न आयु-समूहों के लिए प्रकाशन के माध्यम से इसके कार्यान्वयन की गतिशीलता पर चर्चा की गई है। उन्होंने कहा कि यह नीति भारतीय मूल्यों पर एक मजबूत पकड़ रखते हुए दुनिया में एक अलग पहचान बनाने में मदद करेगी।

ट्रस्ट के निदेशक युवराज मलिक ने अपने स्वागत भाषण में कहा कि नई दिल्ली विश्व पुस्तक मेला 2021 का विषय राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020, नई शिक्षा नीति की दृष्टि से पुस्तक पढ़ने की संस्कृति को बढ़ावा देती है। इस मेले के माध्यम से ट्रस्ट नई शिक्षा नीति पर चर्चा करने के लिए 20 से अधिक वेबीनार, सेमिनार और सम्मेलन आयोजित करेगा। उन्होंने यह भी कहा कि राष्ट्र के ज्ञान भागीदार (नॉलेज पार्टनर) के रूप में, ज्ञान सृजन के साथ-साथ ज्ञान प्रसार के लिए कदम उठाना न्यास की जिम्मेदारी है।

नई दिल्ली विश्व पुस्तक मेला 2021-वर्चुअल संस्करण (6-9 मार्च 2021) वर्चुअल प्लेटफॉर्म www-nbtindia-gov-in/ndwbf21ij पर 24 x 7 उपलब्ध रहेगा।

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