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खराब मौसम के कारण पौड़ी और अल्मोड़ा नहीं पहुंच सके राहुल गांधी, वर्चुअल संबोधन में अग्निवीर योजना खत्म करने का किया वादा

लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस नेता राहुल गांधी का उत्तराखंड दौरा खराब मौसम के कारण प्रभावित हो गया। गुरुवार को उन्हें पौड़ी और अल्मोड़ा में आयोजित कार्यक्रमों में शामिल होना था, लेकिन प्रतिकूल मौसम के चलते उनका हेलीकॉप्टर उड़ान नहीं भर सका। इसके बाद उन्होंने दोनों स्थानों पर आयोजित कार्यक्रमों को वर्चुअल माध्यम से संबोधित किया। राहुल गांधी के कार्यक्रम को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं और समर्थकों में भारी उत्साह था, लेकिन उनके नहीं पहुंच पाने से समर्थकों में मायूसी भी देखने को मिली।

पौड़ी के कंडोलिया मैदान में आयोजित पूर्व सैनिक एवं अर्द्धसैनिक स्वाभिमान सभा को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने केंद्र सरकार की अग्निवीर योजना पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी सत्ता में आने पर अग्निवीर योजना को समाप्त कर देगी। राहुल गांधी ने कहा कि सेना और सरकार के बीच एक पवित्र रिश्ता होता है, जो विश्वास और सम्मान पर आधारित होता है। लेकिन अग्निपथ योजना लागू कर केंद्र सरकार ने इस रिश्ते को कमजोर करने का काम किया है।

उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की पहचान देशभक्ति और सैन्य परंपरा से जुड़ी रही है। राज्य के हजारों युवा वर्षों से भारतीय सेना में भर्ती होकर देश की सेवा करते आए हैं। ऐसे में केवल चार वर्ष की अस्थायी सेवा देने वाली योजना युवाओं के भविष्य को असुरक्षित बनाती है। राहुल गांधी ने कहा कि सेना का जवान देश के लिए अपना जीवन और बलिदान देने को तैयार रहता है, लेकिन सरकार उसके भविष्य की स्थायी सुरक्षा सुनिश्चित करने में असफल रही है।

सभा में मौजूद कांग्रेस नेताओं ने भी अग्निवीर योजना का विरोध किया। पूर्व मंत्री डॉ. हरक सिंह रावत ने कहा कि चार साल की अस्थायी सेवा से युवाओं का भविष्य सुरक्षित नहीं हो सकता। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड के युवाओं की बड़ी संख्या सेना में भर्ती होकर देश सेवा करती रही है और अग्निवीर योजना ने उनके सामने अनिश्चितता की स्थिति पैदा कर दी है। पूर्व मंत्री सुरेंद्र सिंह नेगी ने भी कहा कि कांग्रेस सरकार बनने पर इस योजना को समाप्त कर युवाओं के हितों की रक्षा की जाएगी।

राहुल गांधी ने अपने संबोधन में केंद्र सरकार की आर्थिक नीतियों पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि सरकार केवल बड़े उद्योगपतियों को लाभ पहुंचाने का काम कर रही है, जबकि आम जनता और युवाओं की समस्याओं की अनदेखी की जा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि उद्योगपतियों के दबाव में देशहित से जुड़े कई फैसले प्रभावित हो रहे हैं।

अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों का जिक्र करते हुए राहुल गांधी ने कहा कि ईरान-अमेरिका तनाव और हार्मूज जलडमरूमध्य में पैदा हुई स्थिति का असर भारत पर भी पड़ सकता है। उन्होंने दावा किया कि हार्मूज मार्ग प्रभावित होने से वैश्विक तेल आपूर्ति का बड़ा हिस्सा प्रभावित हुआ है। राहुल गांधी ने कहा कि उन्होंने पहले ही आर्थिक चुनौतियों की आशंका जताई थी, लेकिन केंद्र सरकार ने समय रहते पर्याप्त तैयारी नहीं की।

अल्मोड़ा में आयोजित कार्यक्रम को भी उन्होंने वर्चुअल माध्यम से संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि उत्तराखंड राज्य का गठन यहां के लोगों के सपनों और आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए किया गया था, लेकिन वर्तमान परिस्थितियों में राज्य के महत्वपूर्ण निर्णय दिल्ली से संचालित होते दिखाई दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड के युवाओं के भविष्य, रोजगार और विकास को लेकर गंभीर प्रयासों की आवश्यकता है।

इधर, राहुल गांधी के कोटद्वार दौरे को लेकर भी व्यापक तैयारियां की गई थीं। स्थानीय पुलिस प्रशासन पिछले दो दिनों से सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को लेकर लगातार जुटा हुआ था। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मनोज ठाकुर और क्षेत्राधिकारी अस्मिता ममगाईं स्वयं व्यवस्थाओं की निगरानी कर रहे थे। कार्यक्रम को देखते हुए कोटद्वार के अलावा लैंसडौन और सतपुली से भी अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया था।

राहुल गांधी का कोटद्वार में जिम संचालक दीपक कुमार से मिलने का कार्यक्रम प्रस्तावित था। माना जा रहा था कि वे दीपक कुमार के जिम पहुंचकर उनका हौसला बढ़ाएंगे और लोगों से उनके व्यवसाय को समर्थन देने की अपील करेंगे। हालांकि मौसम खराब होने के कारण यह मुलाकात नहीं हो सकी। राहुल गांधी के नहीं पहुंच पाने से दीपक कुमार और उनके समर्थकों में निराशा देखी गई।

इस दौरान राहुल गांधी ने वीडियो कॉल के माध्यम से अंकिता भंडारी के माता-पिता वीरेंद्र भंडारी और सोनी देवी से भी बातचीत की। बातचीत के दौरान परिजन भावुक हो गए। राहुल गांधी ने उन्हें भरोसा दिलाया कि वे भविष्य में व्यक्तिगत रूप से भी मुलाकात करेंगे और न्याय की लड़ाई में उनके साथ खड़े रहेंगे।

हालांकि खराब मौसम के कारण राहुल गांधी उत्तराखंड नहीं पहुंच सके, लेकिन उनके वर्चुअल संबोधन ने राजनीतिक माहौल को गर्माए रखा। विशेष रूप से अग्निवीर योजना को लेकर दिए गए उनके बयान ने राज्य की राजनीति में नई चर्चा को जन्म दे दिया है।

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Hill Mail

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