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पीपीई किट पहनकर कोविड केयर सेंटर में संक्रमितों का हाल जानने पहुंचे सीएम तीरथ

कोविड केयर सेंटर से बाहर आकर मुख्यमंत्री तीरथ सिंह ने फ्रंटलाइन वॉरियर्स के योगदान को सराहा। उन्होंने कहा कि 20 मिनट में पीपीई किट पहनने से इतनी परेशानी हो रही है तो रोजाना घंटों तक मरीजों की सेवा और उपचार कर रहे प्रथम पंक्ति के स्वास्थ्य कर्मी कैसे इन परेशानियों को झेलते होंगे, इस बात का अंदाजा लगाया जा सकता है।

मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत ने उत्तराखंड में कोरोना संक्रमण से निपटने के लिए की गई व्यवस्थाओं को खुद जमीनी स्तर पर जांच रहे हैं। टिहरी दौरे के दौरान टीएचडीसी इंजीनियरिंग कॉलेज भागीरथीपुरम पहुंचकर जिला प्रशासन द्वारा संचालित 450 बेड युक्त कोविड केयर सेंटर का निरीक्षण किया। इस दौरान मुख्यमंत्री तीरथ ने पीपीई किट पहन कर कोविड सेंटर में भर्ती मरीजों से बातचीत भी की।

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मुख्यमंत्री ने कोविड सेंटर से निकलने के बाद अपना अनुभव साझा करते हुए कहा कि वे स्वास्थ्य विभाग के उन सभी कर्मियों को सैल्यूट करते हैं जो रोजाना 2 से 3 घंटो तक पीपीई किट पहनकर कोविड-19 मरीजों का उपचार कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि 20 मिनट में पीपीई किट के पहनने से इतनी परेशानी हो रही है तो रोजाना दो से तीन घंटे तक मरीज़ों की सेवा और उपचार कर रहे प्रथम पंक्ति के स्वास्थ्य कर्मी कैसे इन परेशानियों को झेलते होंगे, इस बात का अंदाज़ा लगाया जा सकता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कोविड केयर सेंटर को लेकर पहले से ही निर्देश दिए गए हैं कि कोविड मरीजों का बेहतर उपचार के साथ ही बेहतर भोजन और अन्य सुविधाओं का भी विशेष ख्याल रखा जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि जब वह कोविड केयर सेंटर के निरीक्षण के लिए पहुंचे तो उस समय भी मरीजों को प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने हेतु काढ़ा इत्यादि दिया जा रहा था।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में ऑक्सीजन युक्त अस्पतालों की व्यवस्था करने के लिए राज्य सरकार लगातार प्रयासरत है। प्रदेश में कई नए ऑक्सीजन प्लांट को भी मंजूरी मिली है सरकार का लक्ष्य है कि छोटे अस्पतालों में भी ऑक्सीजन युक्त बेड की सुविधा विकसित की जाए। मुख्यमंत्री श्री तीरथ सिंह रावत ने निरीक्षण के बाद अधिकारियों को ज़रूरी दिशा निर्देश दिए।

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