उत्तराखंड में गर्मी ने इस बार मई महीने में ही अपने तीखे तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। मैदानी इलाकों से लेकर पर्वतीय क्षेत्रों तक चटक धूप और गर्म हवाओं ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। सोमवार को प्रदेश का अब तक का सबसे गर्म दिन दर्ज किया गया। हरिद्वार और रुड़की में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जबकि राजधानी देहरादून में पारा 38.9 डिग्री रिकॉर्ड किया गया, जो सामान्य से करीब तीन डिग्री अधिक है।
गर्मी का असर अब पहाड़ी क्षेत्रों में भी साफ दिखाई देने लगा है। श्रीनगर गढ़वाल में दोपहर के समय तेज धूप और उमस के कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। बाजारों और सड़कों पर दोपहर के समय आवाजाही कम नजर आई। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस बार मई में ही जून जैसी गर्मी महसूस हो रही है।
मौसम विभाग के अनुसार प्रदेशभर में फिलहाल मौसम पूरी तरह शुष्क बना हुआ है। मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक डॉ. सीएस तोमर ने बताया कि अगले चार से पांच दिनों तक तापमान में दो से तीन डिग्री सेल्सियस तक और बढ़ोतरी हो सकती है। उन्होंने कहा कि मैदानी इलाकों में अधिकतम तापमान सामान्य से काफी ऊपर चल रहा है, जबकि पर्वतीय क्षेत्रों में भी तापमान लगातार बढ़ रहा है।
देहरादून में सोमवार सुबह से ही तेज धूप निकल आई थी। दोपहर होते-होते गर्म हवाओं ने लोगों को बेहाल कर दिया। शहर में दिन और रात के तापमान के बीच अंतर भी घटकर करीब 16 डिग्री रह गया है। न्यूनतम तापमान 22.6 डिग्री रिकॉर्ड किया गया, जो सामान्य से एक डिग्री अधिक है।
हरिद्वार में गर्मी का सबसे अधिक असर देखने को मिला। यहां दिनभर लू जैसे हालात बने रहे और लोग घरों से निकलने से बचते नजर आए। रेलवे स्टेशन, बस अड्डों और बाजारों में दोपहर के समय सन्नाटा पसरा रहा। गर्मी से राहत पाने के लिए लोग ठंडे पेय पदार्थों और छांव का सहारा लेते दिखाई दिए।
वहीं पर्यटन नगरी मसूरी में भी तापमान सामान्य से 7 डिग्री अधिक दर्ज किया गया। सोमवार को मसूरी का अधिकतम तापमान 29.5 डिग्री रहा। यहां घूमने पहुंचे पर्यटकों को भी तेज धूप और गर्म हवाओं से परेशानी झेलनी पड़ी।
टिहरी, मुक्तेश्वर और पिथौरागढ़ जैसे पर्वतीय क्षेत्रों में भी तापमान में तेजी से वृद्धि दर्ज की गई। टिहरी में अधिकतम तापमान 28 डिग्री, मुक्तेश्वर में 27.6 डिग्री और पिथौरागढ़ में 31 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। श्रीनगर गढ़वाल में भी दिनभर तेज धूप के कारण लोग गर्मी से परेशान रहे।
विशेषज्ञों का कहना है कि लगातार बढ़ती गर्मी और शुष्क मौसम के कारण लोगों को दोपहर के समय सावधानी बरतने की जरूरत है। स्वास्थ्य विभाग ने भी लोगों को पर्याप्त पानी पीने, धूप में निकलने से बचने और हल्के कपड़े पहनने की सलाह दी है।







