Home उत्तराखंड न्यूज़ उत्तरकाशी उत्तरकाशी के इस गांव में बादल फटने से तबाही, एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत, कई अब भी लापता
उत्तरकाशीउत्तराखंड न्यूज़

उत्तरकाशी के इस गांव में बादल फटने से तबाही, एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत, कई अब भी लापता

उत्तराखंड के कई जिलों में पिछले 2-3 दिनों से अच्छी वर्षा हो रही है। गर्मी और उमस से परेशान लोगों को तो राहत मिली है लेकिन गांवों और पहाड़ के रास्तों पर आने-जाने वालों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। कई जगहों पर पहाड़ से बोल्डर कटकर सड़क पर आ गए।

उत्तराखंड में मॉनसूनी बारिश शुरू हो गई है और पहाड़ों में भूस्खलन, बड़े पत्थर सड़क पर गिरने और बादल फटने की घटनाएं सामने आने लगी हैं। उत्तरकाशी में ऐसी ही एक घटना घटी है। जिले के मांडव गांव में बादल फटने से अचानक पानी के साथ मलबा इतना आया कि घरों में घुस गया। इस जल आपदा में एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत हो गई।

बादल फटने के कुछ देर बाद रात में ही राहत एवं बचाव की टीम घटनास्थल पर पहुंच गई। वहां की तस्वीरें भी सामने आई हैं। दो महिलाओं और एक 6 साल की बच्ची की मौत हुई है।

रात में सीएम पुष्कर सिंह धामी ने ट्वीट कर बताया था कि रविवार शाम उत्तरकाशी जनपद के ग्राम कंकराड़ी, मांडों में बादल फटने की दुःखद घटना हुई है। जिला प्रशासन, एसडीआरएफ, पुलिस मौके पर पहुंच गई है। डीएम को राहत और बचाव कार्य शीर्ष प्राथमिकता पर करने के निर्देश दिए हैं। ईश्वर से प्रभावितों की कुशलता की कामना करता हूं।

एसडीआरएफ के टीम इंचार्ज इंस्पेक्टर जगदंबा प्रसाद ने बताया कि गांव में 3 लोगों की मौत हो गई है और 4 लोग लापता चल रहे हैं। एसडीआरएफ की टीम ने कुछ लोगों को सकुशल बाहर भी निकाल लिया। तस्वीरों में देखा जा सकता है कि जहां घर थे, वहां बड़े-बड़े बोल्डर आ गए हैं। पानी और कीचड़ भी साफ दिख रहा है।

मृतकों की पहचान 42 वर्षीय माधुरी, 38 वर्षीय रितु और 6 साल की इशु के रूप में हुई है। एसडीआरएफ ने बताया है कि प्रदेश के कुछ हिस्सों में हुई भारी बारिश के बाद मांडव गांव में कई घर पानी में डूबने लगे। शुरुआत में जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी से एसडीआरएफ को सूचना मिली थी कि यहां गांव में कुछ लोग फंसे हुए हैं। टीमें फौरन पहुंचीं और रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया गया।

Written by
Hill Mail

हिल-मेल का प्रयास जनमानस की आवाज को सही स्तर तक पहुंचाना है। हमने कोशिश की है कि हिल-मेल पहाड़ से जुड़े जनमानस के बीच एक मंच और एक अभियान के रूप में आगे बढ़े। हिल-मेल प्रयत्न कर रहा है कि हिमालय के आंचल में रोजाना की घटने वाली सामाजिक, आर्थिक, राजनीतिक, धार्मिक और दैवीय घटनाओं की जानकारी जल्दी से जल्दी लोगों को मिलती रहे।

Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

HillMail Magazine – September 2026

HillMail Sep 2026
पत्रिकाओं के सभी अंक देखें

Related Articles

उत्तराखंड में 19 अक्टूबर को महानवमी पर सार्वजनिक अवकाश, मुख्यमंत्री धामी ने दी शुभकामनाएं

उत्तराखंड में शारदीय नवरात्र की महानवमी के अवसर पर सोमवार, 19 अक्टूबर...

उत्तराखंड में दिव्यांग युवाओं के लिए मुफ्त सिविल सेवा कोचिंग योजना शुरू, UPSC-UKPSC की करेंगे तैयारी

उत्तराखंड सरकार ने दिव्यांग युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने और उन्हें प्रशासनिक सेवाओं...