आज और कल न बनाएं कोई प्लान, पूरे उत्तराखंड में रोडवेज बसों के पहिये थमे

आज और कल न बनाएं कोई प्लान, पूरे उत्तराखंड में रोडवेज बसों के पहिये थमे

उत्तराखंड के चार जिलों में शनिवार और रविवार को पूर्ण लॉकडाउन लगाया गया है। अन्य जिलों में स्थिति सामान्य कही जा रही थी लेकिन रोडवेज विभाग के एक फैसले से आने-जाने पर एक तरह से अंकुश लग गया है। जी हां, इन दो दिनों में रोडवेज की बसें नहीं चलेंगी।

कोरोना काल में अनलॉक भले ही शुरू हो गया हो पर कुछ इलाकों में संक्रमण बढ़ने के बाद सरकारों को स्थानीय स्तर पर लॉकडाउन करना पड़ रहा है। उत्तराखंड के चार जिलों में शनिवार और रविवार को लॉकडाउन लागू है। हालांकि बसें पूरे राज्य में नहीं चल रही हैं। आपको बता दें कि जिन जिलों में लॉकडाउन लागू है- देहरादून, हरिद्वार, उधमसिंह नगर व नैनीताल यहां सबसे ज्यादा डिपो हैं और पहाड़ी जिलों में बसों का संचालन भी यहां से खूब होता है।

लॉकडाउन में लोग घर पर ही रहेंगे, ऐसे में रोडवेज विभाग ने दो दिनों तक बसें न चलाने का निर्णय लिया है। लॉकडाउन वाले चारों जिले मैदानी हैं। देहरादून में विक्रम, ऑटो सिटी बसें सभी बंद रहेंगी। रोडवेज के देहरादून में 5 और हरिद्वार जिले में तीन डिपो हैं। इसी प्रकार से उधमसिंह नगर में चार और नैनीताल में तीन डिपो हैं। उधर, शुक्रवार तक रोडवेज बसों का संचालन राज्य के अंदर ही हो रहा है।

पढ़ें- उत्तराखंड के 4 जिलों में दो दिन लॉकडाउन, जानें नए नियम

चार राज्यों में लॉकडाउन का असर कैसे पूरे प्रदेश में पड़ रहा है, इस बात को ऐसे ही समझा जा सकता है कि इस समय करीब 200 बसें चल रही हैं और करीब 160 बसें अकेले इन्हीं चारों जनपदों से चलती हैं।

लॉकडाउन में परिवहन सेवाओं पर पाबंदी है तो इन चारों जिलों में न कोई बस आएगी और न जाएगी। यात्री यहां से काफी या कहें कि सबसे ज्यादा मिलते हैं इसलिए अब विभाग ने फैसला किया है कि दो दिनों तक पूरे सूबे में रोडवेज बसों का संचालन रोक दिया जाए। अधिकारियों का कहना है कि पर्वतीय रास्तों पर बेहद जरूरी होने पर कुछ बसें रिजर्व में रखी गई हैं।

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