उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज अक्षय तृतीया की पावन अवसर पर अपने पैतिृक गांव पंचूर पहुंचे। गांव पहुंचकर उन्होंने अपनी माता जी का आशीर्वाद लिया। योगी आदित्यनाथ अपनी मां से पांच साल बाद मिले हैं। पिछले साल ही उनके पिताजी का कोरोना काल में निधन हो गया था। उस समय भी वह पिताजी के अंतिम संस्कार में शामिल नहीं हो पाये थे।
यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ उस समय कोरोना काल में अपनी जिम्मेदारी निभाने के कारण पिताजी के अंतिम संस्कार में हिस्सा नहीं ले पाये थे। उन्होंने कहा था कि यूपी के सारे लोग मेरे परिवार का हिस्सा हैं। मेरी सबसे पहले यह जिम्मेदारी बनती है कि मैं पहले उनकी रक्षा के उपाय करूं, जिसके कारण वह अपने पिता के अंमित दर्शन करने नहीं जा पाये थे।
आज वह पांच साल बाद अपनी मां और परिवार के लोगों के साथ मिले। इस अवसर पर उनके परिवार के सारे रिश्तेदार आये हुए थे उन्होंने सभी लोगों के साथ बातचीत की। योगी आदित्यनाथ के पूरे गांव के लोग उनके यहां आने का सुबह से इंतजार कर रहे थे उनके गांव आने से यहां के लोगों में भारी उत्साह दिख रहा था। उन्होंने गांव पहुंचने पर गांव के मंदिर में पूजा अर्चना भी की।
इससे पहले योगी आदित्यनाथ ने सबसे पहले अपने गुरूजी महंत अवेद्यनाथ की प्रतिमा का अनावरण किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि उत्तराखंड में पूज्य राष्ट्रसंत ब्रह्मलीन महंत अवेद्यनाथ जी महाराज की भव्य प्रतिमा के अनावरण का सौभाग्य प्राप्त हुआ। राष्ट्रसंत ब्रह्मलीन महंत अवेद्यनाथ जी महाराज दिव्य व अलौकिक संत थे।
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि मेरे लिए गौरव की बात है कि आज मुझे अपने पूज्य गुरुदेव को उनकी जन्मभूमि पर सम्मान प्रदान करने का सौभाग्य मिला।


Leave a comment