मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कहा कि हमारी सरकार की प्राथमिकताओं के केन्द्र बिन्दु में गैरसैंण गांव और गंगा है। गैरसैंण स्थित मीडिया सेंटर में मीडिया से अनौपचारिक बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि हम निश्चित रोड़मैप के साथ ग्रामीण अर्थव्यवस्था के रिवाईवल, महिला विकास और सामाजिक कल्याण के लिए काम कर रहे है तथा हमारी नीतियां हिमालयोन्मुखी होगी।
गैरसैंण के लिए हम अपने संसाधनों के अनुसार कार्ययोजना के साथ सही दिशा में काम कर रहे है। उन्होंने कहा कि जल्द ही यहां मुख्यमंत्री कैम्प आॅफिस प्रारम्भ कर दिया जायेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि गैरसैंण भावना के तहत ही ग्रामीण अर्थव्यवस्था की मजबूती के लिए काम किया जा रहा है। बहुत सी ऐतिहासिक पहल की गई है। इनमें से कुछ के सकारात्मक परिणाम भी मिलने लग गए है। आज उत्तराखण्ड प्रति व्यक्ति आय की दृष्टि से दूसरे स्थान पर है।
पत्रकारों से वार्ता करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि नई टिहरी और गोपेश्वर के बाद भराड़ीसैण को सुनियोजित रूप से विकसित करने में जन सहभागिता भी सुनिश्चित की जाएगी। इस क्षेत्र में बेहतर संपर्क सुविधाओं का विकास करने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। सरकार का प्रयास है कि गैरसैण के आस-पास हवाई पट्टी तैयार की जाय। इसके लिए दूधातोली क्षेत्र में हवाई पट्टी के विकास की संभावनाएं तलाशी जा रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि भराड़ीसैण में सचिवालय की आधारशिला शीघ्र ही रखी जायेगी। गैरसैण व भराड़ीसैण में अवस्थापना सुविधाओं का विकास तेजी से किया जा रहा है। इन अवस्थापना सुविधाओं का वर्षभर उपयोग कैसे हो, इसके लिए भी रूपरेखा तैयार करने के निर्देश अधिकारियों को दिये गये है।
भराड़ीसैण में विकसित की जाने वाली अवस्थापना सुविधाएं आगामी 10 वर्ष की जनसंख्या के आधार पर तैयार की जा रही है। हमारा प्रयास है कि रामगंगा के सभी जलागम क्षेत्रों में जलसंचय की योजना बनाकर चन्द्रनगर (भराड़ीसैंण) में चंद्रसरोवर विकसित किया जाए। हमारा फोकस गैरसैण क्षेत्र के समग्र विकास पर है।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार अपने सीमित संसाधनों के बल पर प्रदेश के समग्र विकास की ओर अग्रसर है। राज्य सरकार ने 1000 करोड़ रुपये से अधिक के राजस्व प्राप्ति के नए स्रोतों की तलाश की है।
गाय-गंगा, गांव-गैरसैण के संरक्षण और संवर्द्धन पर सरकार ने पूरा ध्यान केन्द्रित किया है। मंडुआ-झंगोरा जैसी पारंपरिक फसलों को महत्व व प्रोत्साहन देकर सरकार ने खेती को लाभकारी व्यवसाय में तब्दील करने तथा गांवों में खुशहाली लाने की ठोस योजनाएं बनाई है।
हिलमेल ब्यूरो


Leave a comment