Friday , 4 September 2026
Home उत्तराखंड न्यूज़ अय्याशी का अड्डा था बनंत्रा रिजॉर्ट, कर्मचारियों ने खोले काले कारनामों का राज
उत्तराखंड न्यूज़ताज़ा ख़बरदेहरादून

अय्याशी का अड्डा था बनंत्रा रिजॉर्ट, कर्मचारियों ने खोले काले कारनामों का राज

इस रिजॉर्ट के मालिक पुलकित इसमें क्या क्या काम करता था उस सबके बारे में एक एक कर राज बाहर निकल रहे हैं। लोग बता रहे हैं कि इस रिजॉर्ट में लोग बाहर से आकर पार्टियां करते थे और इन लोगों के लिए शराब और शबाब भी परेसा जाता था। इस बारे में कर्मचारियों ने अपने बयान भी दर्ज कराये हैं।

अंकिता भंडारी हत्याकांड के बाद मेरठ निवासी विवेक भारद्वाज और उनकी पत्नी इशिता मीडिया के सामने आये और उन्होंने यहां चल रहे काले कारनामों को उजागर किया। उन्होंने बताया कि वह करीब छह महीने पहले इस रिजॉर्ट में नौकरी करने गए थे। इशिता को वहां पर फ्रंट ऑफिस में मैनेजर का पद दिया गया था। जबकि, विवेक भारद्वाज को रूम सर्विस मैनेजर बनाया गया था।

पति-पत्नी ने बताया कि वहां पर हो रहे कामों से वह बहुत परेशान हो गए थे। यहां पर आए दिन नशे की पार्टियां होती थीं। यहां पर जिस्मफरोशी के लिए जो भी लड़कियां यहां आती थी उनकी कोई एंट्री नहीं होती थी।

दंपती का आरोप है कि उन्होंने पुलिस को इसकी शिकायत की। पुलिस ने कहा कि राजस्व क्षेत्र है। राजस्व क्षेत्र के पटवारी को फोन किया तो वह उन्हें ही धमकाने लगा। आरोप है कि एक दिन पटवारी रिजॉर्ट में आया और दोनों पर ही आरोप लगाने लगा। इसके बाद एक दिन दंपती मौका पाकर वहां से निकल आए।

एसआईटी प्रभारी डीआईजी पी रेणुका देवी ने बताया कि सारे साक्ष्य एक-एक कर इकट्ठा किए जा रहे हैं।
रिजॉर्ट में काम करने वाले कर्मचारी इशिता और विवेक भारद्वाज ने बताया कि पुलकित और उसके दोस्तों की अलग ही दुनिया थी। रिजॉर्ट में काम करने वालों के साथ वह तानाशाह जैसे व्यवहार करते थे।

उन्होंने बताया कि जब यहां आने वाले मेहमानों के सामान गायब हो जाते थे तो वह कर्मचारियों पर इल्जाम लगाते थे और उसके बाद कर्मचारियों को सजा दी जाती थी।

Written by
Hill Mail

हिल-मेल का प्रयास जनमानस की आवाज को सही स्तर तक पहुंचाना है। हमने कोशिश की है कि हिल-मेल पहाड़ से जुड़े जनमानस के बीच एक मंच और एक अभियान के रूप में आगे बढ़े। हिल-मेल प्रयत्न कर रहा है कि हिमालय के आंचल में रोजाना की घटने वाली सामाजिक, आर्थिक, राजनीतिक, धार्मिक और दैवीय घटनाओं की जानकारी जल्दी से जल्दी लोगों को मिलती रहे।

Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Articles

प्रेशर हॉर्न पर अब सख्ती, दूसरी बार पकड़े जाने पर ₹10 हजार चालान

उत्तराखंड में वाहनों में प्रेशर हॉर्न लगाने और उनका अनावश्यक इस्तेमाल करने...