Sunday , 6 September 2026
Home उत्तराखंड न्यूज़ भविष्य का युद्ध होगा ‘साइबर युद्ध’ : अशोक कुमार
उत्तराखंड न्यूज़ताज़ा ख़बरसरोकार

भविष्य का युद्ध होगा ‘साइबर युद्ध’ : अशोक कुमार

‘साइबर अपराध के मामलों की मात्रा बहुत अधिक है और जो अपराधी इसे अंजाम दे रहा है, वह इतनी दूर बैठा है कि उन्हें पकड़ना बहुत मुश्किल है। इस अपराध की कोई सीमा नहीं है। इसलिए इंटरनेट का उपयोग करते समय और व्यक्तिगत जानकारी साझा करते समय सतर्क रहना बेहद जरूरी है।’ यह विचार उत्तराखंड के पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार ने भारतीय जन संचार संस्थान द्वारा ’साइबर सिक्योरिटी’ पर आयोजित विशेष व्याख्यान को संबोधित करते हुए व्यक्त किए। इस अवसर पर अपर महानिदेशक डॉ. निमिष रुस्तगी, डीन (अकादमिक) प्रो. गोविंद सिंह, डीन (छात्र कल्याण) प्रो. प्रमोद कुमार, सभी विभागों के संकाय सदस्य एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।

अशोक कुमार ने कहा कि भविष्य का युद्ध किसी जमीन, आकाश या समुद्र में नहीं, साइबर स्पेस में लड़ा जायेगा। इसलिए इस युद्ध की बारीकियों को समझना जरूरी है। उन्होंने कहा कि साइबर अपराधी अपराध करने के बाद अपने फुटप्रिंट नहीं छोड़ते, जबकि पारंपरिक अपराधी अपने पीछे कोइ न कोई निशान छोड़ देते थे। इसलिए इन नए अपराधियों से निपटना अत्यंत मुश्किल हो गया है।

उन्होंने कहा कि साइबर अपराधियों से केवल पुलिस के सहारे नहीं लड़ा जा सकता। उसके लिए समूचे समाज को मिलकर लड़ना होगा। इस दौरान श्री कुमार ने अपनी हालिया पुस्तक ’साइबर एनकाउंटर्स’ पर भी विद्यार्थियों के साथ चर्चा की।
उत्तराखंड के पुलिस महानिदेशक ने साइबर अपराध से बचने के लिए कुछ सुझाव भी दिए, जिनमें आपकी व्यक्तिगत और बैंकिंग जानकारी, जैसे पिन, सीवीवी नंबर और पहचान दस्तावेजों की सुरक्षा शामिल है।

उन्होंने कहा कि इन्हें बेवजह शेयर करने से बचें। किसी भी क्लोनिंग डिवाइस या संदिग्ध गतिविधियों का पता लगाने के लिए एटीएम और पीओएस मशीनों पर सतर्क रहें। ऑनलाइन भुगतान करते समय, सुरक्षित वेबसाइटों को प्राथमिकता दें और असुरक्षित प्लेटफार्मों पर संवेदनशील विवरण साझा करने से बचें।

इस अवसर पर अशोक कुमार ने रैनसमवेयर एक्सटॉर्शन, मोबाइल मैलवेयर, डिजिटल हेरफेर, बायोमेट्रिक-आधारित धोखाधड़ी और रोबोटिक्स के माध्यम से साइबर अपराध जैसी चुनौतियों पर भी प्रकाश डाला। विद्यार्थियों के साथ बातचीत करते हुए उन्होंने उन्हें सलाह दी कि अगर उन्हें कोई ब्लैकमेल कर रहा है तो इसकी शिकायत जरूर करें।

Written by
Hill Mail

हिल-मेल का प्रयास जनमानस की आवाज को सही स्तर तक पहुंचाना है। हमने कोशिश की है कि हिल-मेल पहाड़ से जुड़े जनमानस के बीच एक मंच और एक अभियान के रूप में आगे बढ़े। हिल-मेल प्रयत्न कर रहा है कि हिमालय के आंचल में रोजाना की घटने वाली सामाजिक, आर्थिक, राजनीतिक, धार्मिक और दैवीय घटनाओं की जानकारी जल्दी से जल्दी लोगों को मिलती रहे।

1 Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Articles