सैनिक बहुल उत्तराखंड राज्य में पूर्व सैनिकों को एक बड़ी जिम्मेदारी मिलने की उम्मीद जगी है। योजना सिरे चढ़ी तो रिटायरमेंट के बाद उनकी शारीरिक फिटनेस व शस्त्र चलाने की दक्षता का उपयोग बाघों की सुरक्षा के लिए किया जाएगा।
वन विभाग ने बाघों की सुरक्षा के लिए गठित होने वाले बल के लिए पूर्व सैनिकों की तैनाती के प्रस्ताव पर मुहर लगायी है। विभाग की ओर से इसका प्रस्ताव शासन को भेज दिया गया है जो अंतिम स्वीकृति के लिए नेशनल टाइगर कन्जव्रेशन अथारिटी को जाएगा।
बाघों के अस्तित्व पर मंडरा रहे खतरों को देखते हुए विभाग का यह निर्णय काफी महत्वपूर्ण साबित हो सकता है।


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