गढ़वाल विश्वविद्यालय की बड़ी उपलब्धि: शोध के क्षेत्र में दो नए पेटेंट हासिल

गढ़वाल विश्वविद्यालय की बड़ी उपलब्धि: शोध के क्षेत्र में दो नए पेटेंट हासिल

शोध और अनुसंधान के क्षेत्र में गढ़वाल विश्वविद्यालय ने एक महत्वपूर्ण उपलब्धि दर्ज की है। विश्वविद्यालय के पर्यावरणीय विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष प्रो० राकेश कुमार मैखुरी के नेतृत्व में वैज्ञानिकों की टीम ने दो पेटेंट हासिल किए हैं। यह उपलब्धि औषधीय पौधों पर आधारित अनुसंधान को नई दिशा देने वाली मानी जा रही है।

पहला पेटेंट Allium Stracheyi (फरण) से औषधीय चूर्ण बनाने की वैज्ञानिक विधि विकसित करने के लिए मिला है। दूसरा पेटेंट Sauromatum diversifolium (नकदूण) से आयुर्वेदिक टैबलेट्स तैयार करने की विधि पर आधारित है। इन शोधों से पारंपरिक औषधीय ज्ञान को वैज्ञानिक आधार मिला है।
साथ ही, संकटग्रस्त वनस्पतियों के संरक्षण और उपयोग की दिशा में भी यह एक बड़ा कदम है।
इस उपलब्धि में फार्मास्युटिकल केमिस्ट्री विभाग की विभागाध्यक्ष डॉ० सरला सकलानी की भी अहम भूमिका रही।
पर्यावरणीय विज्ञान विभाग के रविन्द्र सिंह रावत और हरेंद्र रावत ने भी शोध में योगदान दिया। वानिकी विभाग के लक्ष्मण कंडारी सहित कई अन्य वैज्ञानिक इस टीम का हिस्सा रहे।
इतिहास विभाग से प्रो० विनोद नौटियाल और प्रो० राजपाल सिंह नेगी ने भी सहयोग किया।
इसके अलावा हैप्रेक के निदेशक डॉ० विजयकांत पुरोहित और सुदीप चन्द्र भी इस उपलब्धि में शामिल रहे।
प्रो० मैखुरी पहले भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना चुके हैं। उनका नाम Stanford University द्वारा जारी विश्व के शीर्ष 2% वैज्ञानिकों की सूची में सात बार शामिल हो चुका है।
यह उपलब्धि विश्वविद्यालय के शोध स्तर को नई ऊंचाई पर ले जाती है। विश्वविद्यालय परिवार ने इस सफलता पर सभी वैज्ञानिकों को बधाई दी है। साथ ही, इसे भविष्य में और बड़े शोध कार्यों की प्रेरणा के रूप में देखा जा रहा है।

Hill Mail
ADMINISTRATOR
PROFILE

विज्ञापन

[fvplayer id=”10″]

Latest Posts

  • यमकेश्वर के लाल और उत्तराखंड के गौरव पत्रकार मनजीत नेगी सीडीएस कमेंडेशन पत्र से हुए सम्मानित

    यमकेश्वर के लाल और उत्तराखंड के गौरव पत्रकार मनजीत नेगी सीडीएस कमेंडेशन पत्र से हुए सम्मानित0

    सीडीएस जनरल अनिल चौहान ने आजतक के कार्यकारी संपादक मनजीत नेगी को चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ कमेंडेशन मेडल और प्रशंसा पत्र से किया सम्मानित, आजतक के कार्यकारी संपादक मनजीत नेगी को रक्षा क्षेत्र में उनकी निर्भीक पत्रकारिता के लिए चीफ ऑफ़ डिफेंस स्टाफ़ कमनडेशन मेडल से सम्मानित किया गया। सीडीएस कमनडेशन मेडल से सम्मानित होने वाले ये देश के एक मात्र रक्षा पत्रकार हैं। सीडीएस ऑफ़ डिफेंस स्टाफ़ जनरल अनिल चौहान ने ३० मई को सेवानिवृत होने से पूर्व कई तीनों सेनाओं के कई अधिकारियों और जवानों को सीडीएस कमनडेशन मेडल से सम्मानित किया। सीडीएस जनरल अनिल चौहान ने सेनाओं के अलावा समाज के अलग अलग क्षेत्रों में बेहतरीन कार्य करने वाले कुछ चुनिंदा लोगों को सीडीएस कमनडेशन मेडल से सम्मानित किया। मनजीत नेगी उनमें से एक हैं। मनजीत नेगी पत्रकारिता के क्षेत्र में। पिछले 25 साल से कार्यरत हैं।

    READ MORE
  • अंडमान में मानसून की दस्तक, उत्तर भारत में लू का कहर; 22 मई तक हीटवेव का अलर्ट

    अंडमान में मानसून की दस्तक, उत्तर भारत में लू का कहर; 22 मई तक हीटवेव का अलर्ट0

    देश में मौसम ने दो अलग-अलग रंग दिखाने शुरू कर दिए हैं। एक ओर दक्षिण-पश्चिम मानसून ने अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में दस्तक देकर बारिश की उम्मीद जगा दी है, वहीं दूसरी ओर उत्तर और मध्य भारत के कई राज्य भीषण गर्मी और लू की चपेट में हैं। भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) ने उत्तर प्रदेश, राजस्थान, मध्य प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और छत्तीसगढ़ समेत कई राज्यों में 22 मई तक लू चलने का अलर्ट जारी किया है।

    READ MORE
  • ऑपरेशन सिंदूर का शेर: स्क्वाड्रन लीडर रिजवान मलिक की वीरता ने दुश्मन के दिल में पैदा किया खौफ

    ऑपरेशन सिंदूर का शेर: स्क्वाड्रन लीडर रिजवान मलिक की वीरता ने दुश्मन के दिल में पैदा किया खौफ0

    भारतीय वायुसेना के जांबाज योद्धाओं की बहादुरी की कहानियां हमेशा देशवासियों के भीतर गर्व और राष्ट्रभक्ति की भावना जगाती रही हैं। ऐसी ही एक प्रेरणादायक कहानी है स्क्वाड्रन लीडर रिजवान मलिक की, जिन्होंने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के दौरान अदम्य साहस, असाधारण नेतृत्व और अद्भुत युद्ध कौशल का परिचय देकर भारतीय वायुसेना का मान बढ़ाया। दुश्मन के इलाके में आधी रात को अंजाम दिए गए इस बेहद जोखिम भरे मिशन में उन्होंने जिस धैर्य और सटीकता के साथ कार्रवाई की, वह आज भारतीय सैन्य इतिहास में वीरता की मिसाल बन चुकी है।

    READ MORE

Follow Us

Previous Next
Close
Test Caption
Test Description goes like this