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जोशीमठ प्रभावितों को हर संभव मदद करना पहली प्राथमिकता- सीएम धामी

जोशीमठ क्षेत्र के भूगर्भीय जांच आदि में केंद्र एवं राज्य सरकार के सभी संस्थान जुटे हैं। शीघ्र ही इस संबंध में ठोस कार्ययोजना पर कार्य किया जाएगा। प्रभावितों के पुनर्वास आदि के स्थायी समाधान के भी प्रयास किए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि यह समय जोशीमठ पर राजनीति करने का नहीं, बल्कि पीड़ितों की मदद का है।

जोशीमठ भू-धंसाव के प्रभावितों के लिए एम्मार इंडिया कंपनी 100 से 150 प्री फेब्रीकेटेड घर बनाएगी। इस संबंध में कंपनी के सीईओ कल्याण चक्रवर्ती ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से सचिवालय में भेंट की और इस संबंध में विस्तृत चर्चा की।

इस दौरान मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि जोशीमठ क्षेत्र के प्रभावितों को हर संभव मदद करना राज्य सरकार की पहली प्राथमिकता है। प्रभावितों को किसी भी प्रकार की कठिनाई न हो, उनकी समस्याओं का प्राथमिकता के साथ त्वरित निराकरण हो, इसके निर्देश सभी संबंधित अधिकारियों को दिए गए हैं।

जोशीमठ क्षेत्र के भूगर्भीय जांच आदि में केंद्र एवं राज्य सरकार के सभी संस्थान जुटे हैं। शीघ्र ही इस संबंध में ठोस कार्ययोजना पर कार्य किया जाएगा। प्रभावितों के पुनर्वास आदि के स्थायी समाधान के भी प्रयास किए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि यह समय जोशीमठ पर राजनीति करने का नहीं, बल्कि पीड़ितों की मदद का है।

उनका इशारा कांग्रेस की तरफ था। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार हर संभव मदद का प्रयास कर रही है।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी भी लगातार जोशीमठ में चलाए जा रहे राहत कार्यों की जानकारी ले रहे हैं। उन्होंने पीड़ितों की पूरी मदद का भरोसा दिया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जोशीमठ के बारे में कई भ्रम फैलाए जा रहे हैं, जो उचित नहीं है। वहां 70 प्रतिशत दुकानें खुली हैं और आवश्यक काम काज सामान्य रूप से संचालित हो रहे हैं। एनडीआरएफ, एसडीआरएफ के लोग प्रभावितों की मदद में तैनात हैं। पुनर्वास कार्यों पर कार्य हो रहा है।

चार माह बाद चारधाम यात्रा प्रारंभ होनी है। ऐसे समय में यह संदेश नहीं जाना चाहिए कि पूरा जोशीमठ क्षेत्र ही असुरक्षित है। उन्होंने कहा कि जोशीमठ के बारे में लोगों में संशय की स्थिति पैदा न हो हमें इस पर भी ध्यान देना चाहिए।

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Hill Mail

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