देहरादून में स्वाइन फ्लू और डेंगू का बढ़ता खतरा, 24 नए मरीजों से आंकड़ा 105 पहुंचा

देहरादून में स्वाइन फ्लू और डेंगू का बढ़ता खतरा, 24 नए मरीजों से आंकड़ा 105 पहुंचा

उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में स्वाइन फ्लू के बढ़ते मामलों ने स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी है। जिले में स्वाइन फ्लू के 24 नए मरीजों की पुष्टि हुई। इनमें 16 मरीज देहरादून जिले के हैं, जबकि आठ मरीज राज्य के अन्य जिलों से संबंधित बताए गए हैं। नए मामलों के सामने आने के बाद स्वाइन फ्लू से संक्रमित मरीजों की कुल संख्या बढ़कर 105 हो गई है। फिलहाल विभिन्न अस्पतालों में 36 मरीजों का उपचार चल रहा है।

स्वाइन फ्लू के साथ ही देहरादून में डेंगू के मामले भी लगातार सामने आ रहे हैं। सोमवार को डेंगू की जांच के दौरान दो नए मरीज संक्रमित पाए गए। इसके बाद डेंगू के कुल मामलों की संख्या बढ़कर 114 हो गई है। इनमें 55 मरीज देहरादून जिले के हैं, जबकि 59 संक्रमित अन्य जिलों से संबंधित बताए गए हैं। स्वास्थ्य विभाग दोनों बीमारियों को लेकर निगरानी बढ़ा रहा है और अस्पतालों में मरीजों की स्थिति पर नजर रखी जा रही है।

दून अस्पताल में शुरू हुई अलग फ्लू ओपीडी

स्वाइन फ्लू के बढ़ते मामलों को देखते हुए दून अस्पताल में विशेष व्यवस्था की गई है। अस्पताल परिसर के बाहरी हिस्से में कंटेनर के भीतर अलग से फ्लू ओपीडी शुरू की गई है। इसका उद्देश्य फ्लू जैसे लक्षण वाले मरीजों की अलग से जांच, चिकित्सकीय परामर्श और आवश्यक रिपोर्टिंग सुनिश्चित करना है।

फ्लू ओपीडी में मरीजों की व्यवस्था और रिपोर्टिंग को सुचारु रखने की जिम्मेदारी पंजीकरण प्रभारी विनोद नैनवाल को दी गई है। स्वास्थ्य विभाग का प्रयास है कि संदिग्ध मरीजों की समय पर पहचान हो और संक्रमण के प्रसार को नियंत्रित करने के लिए आवश्यक कदम उठाए जा सकें।

मौत होने पर दो स्तरों पर होगा डेथ ऑडिट

स्वाइन फ्लू के मामलों में किसी मरीज की मौत होने पर अब उसकी विस्तृत समीक्षा की जाएगी। मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने सरकारी और निजी अस्पतालों, मेडिकल कॉलेजों तथा एम्स ऋषिकेश को डेथ ऑडिट कमेटियां गठित करने के निर्देश दिए हैं।

मरीज की मौत के तीन दिन के भीतर पहले अस्पताल या ब्लॉक स्तर पर डेथ ऑडिट किया जाएगा। इस समिति में मुख्य चिकित्सा अधीक्षक या चिकित्सा अधीक्षक के साथ फिजिशियन और माइक्रोबायोलॉजिस्ट शामिल होंगे। इसके बाद मामले की जिला स्तर पर भी समीक्षा की जाएगी।

जिला स्तरीय समिति में जिला सर्विलांस अधिकारी, फिजिशियन, एपिडेमियोलॉजिस्ट और माइक्रोबायोलॉजिस्ट शामिल होंगे। स्वास्थ्य विभाग ने अस्पतालों को स्वाइन फ्लू से संबंधित मौतों का पूरा विवरण आईडीएसपी के तहत आईएचआईपी पोर्टल पर दर्ज करने के निर्देश भी दिए हैं।

छह मौतों की जांच में दो मामलों में स्वाइन फ्लू कारण

देहरादून में डेथ ऑडिट कमेटी अब तक स्वाइन फ्लू संक्रमित मरीजों की छह मौतों की जांच कर चुकी है। जांच के बाद दो मरीजों की मौत का कारण स्वाइन फ्लू होने की पुष्टि हुई है। सीएमओ डॉ. मनोज शर्मा के अनुसार, पौड़ी निवासी 59 वर्षीय व्यक्ति और देहरादून निवासी 52 वर्षीय महिला की मौत स्वाइन फ्लू के कारण हुई थी। दोनों मरीज पहले से अन्य बीमारियों से भी पीड़ित थे।

वहीं, श्रीमहंत इंदिरेश अस्पताल में स्वाइन फ्लू संक्रमित छह मरीजों की मौत के मामलों की जांच में सामने आया कि चार मरीजों की मौत का मुख्य कारण अन्य बीमारियां थीं। यानी सभी मौतों को स्वाइन फ्लू से जोड़ना उचित नहीं पाया गया।

स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि स्वाइन फ्लू और डेंगू के बढ़ते मामलों को देखते हुए लगातार निगरानी की जा रही है। अस्पतालों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं और मरीजों की स्थिति पर नजर रखी जा रही है। राजधानी में एक साथ दोनों संक्रमणों के मामले बढ़ने के कारण स्वास्थ्य तंत्र को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।

Hill Mail
ADMINISTRATOR
PROFILE

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked with *

विज्ञापन

[fvplayer id=”10″]

Latest Posts

Follow Us

Previous Next
Close
Test Caption
Test Description goes like this