हरिद्वार महाकुंभ 2021 में कोविड-19 की फर्जी रैपिड एंटीजन टेस्टिंग प्रकरण में बड़ी कार्रवाई की गई है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर दो बड़े अधिकारियों को निलंबित कर दिया गया है। सीएम धामी ने अधिकारियों को दो टूक कह दिया है कि किसी भी स्तर पर भ्रष्टाचार और लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस मामले में दोषी पाए जाने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
आज हरिद्वार महाकुम्भ में #COVID19 की फर्जी रैपिड एन्टीजन टेस्टिंग प्रकरण में दो अधिकारियों को निलम्बित किया गया है।
हमारी सरकार द्वारा किसी भी स्तर पर भ्रष्टाचार व लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस मामले में दोषी पाए जाने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।— Pushkar Singh Dhami (@pushkardhami) August 26, 2021
जिलाधिकारी हरिद्वार द्वारा मुख्य विकास अधिकारी, हरिद्वार की अध्यक्षता में गठित जांच समिति की 16 अगस्त को मिली रिपोर्ट में संबंधित फर्मों के साथ गठजोड़ और राज्य को वित्तीय हानि पहुंचाने तथा अनुशासनहीनता एवं बरती गई लापरवाही के संबंध में अनुशासनिक कार्यवाही प्रस्तावित की गई है। इस मामले में तत्कालीन कुंभ मेलाधिकारी (चिकित्सा एवं स्वास्थ्य) डा. अर्जुन सिंह सेंगर और तत्कालीन प्रभारी अधिकारी (चिकित्सा एवं स्वास्थ्य) डा. एन. के. त्यागी को निलंबित किया गया है।
इसके साथ ही हरिद्वार कुंभ 2021 में कोविड-19 की फर्जी रैपिड एंटीजन टेस्टिंग प्रकरण में संबंधित फर्मों के विरुद्ध प्रक्रिया के अनुसार कानूनी कार्यवाही किए जाने के लिए जनपद हरिद्वार के अंतर्गत गठित एसआईटी के माध्यम से कार्यवाही के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, हरिद्वार को निर्देश दे दिए गए हैं।


Leave a comment