Friday , 4 September 2026
Home उत्तराखंड न्यूज़ कुठालगेट सौन्दर्यीकरण, साइड रोड कार्य युद्धस्तर पर जारी
उत्तराखंड न्यूज़देहरादून

कुठालगेट सौन्दर्यीकरण, साइड रोड कार्य युद्धस्तर पर जारी

डीएम स्वयं कर रहे है इन कार्यों की अपने स्तर पर मॉनिटिरिंग
मुख्यमंत्री के ‘‘संस्कृति परम्परा’’ संवर्धन के साथ विकास की अवधारणा के संकल्प को जिला प्रशासन फलीभूत करने का प्रतिबद्ध है। जिलाधिकारी सविन बंसल के निर्देशन में शहर के सभी मार्गाे, शहर के ड्रेनेज सिस्टम आदि समस्त क्षेत्रों में कार्य प्रगति पर है। कुठाल गेट सहित शहर के अन्य मार्गाे के विस्तारीकरण, सुधारीकरण का कार्य युद्धस्तर पर पर गतिमान है। डीएम स्वयं इन कार्यों की अपने स्तर पर मॉनिटिरिंग कर रहे है।
सीएम के निर्देशानुसार बड़ा मकसद लेकर चलें हैं सविन, प्राजेक्ट कुठालगेट में, जिससे कुठालगेट को सिर्फ एक्सीडेंट न्यूनीकरण नहीं, नई स्लीप रोड, पर्वतीय संस्कृति प्रदर्शन को संभव कर दिखया जिला प्रशासन ने। डीएम ने गहन विश्लेषण पश्चातः प्रशासन  नजर पड़ी तो कुठाल गेट पर नवीन साइड मोटोरेबल स्लिप रोड निकाल दी। साथ ही कुठालगेट को परम्परागत शैली, के साथ विकसित कर भव्य बनाया जा रहा है। मुख्यमंत्री के ‘‘संस्कृति परम्परा’’ संवर्धन के साथ विकास की अवधारणा के संकल्प को फलीभूत करते डीएम सविंन बसंल। कुठालगेट सौन्दर्यीकरण, साइड रोड कार्य युद्धस्तर पर जारी, मानसून पूर्व समयावधि तय की है। जिससे जनमन, पर्यटकों को सुगम सुविधा, लोक परम्परा सस्कृति, पहाड़ी शैली के दर्शन हो सकेंगे। जाम से मिलेगा निजात, दुर्घटना में आएगी कमी, लाखों पर्यटक धरोहरों, पर्वतीय संस्कृति संजोकर ले जाएंगे। डीएम स्थलीय निरीक्षण कर चुके हैं तथा स्वंय मॉनिटिरिंग कर रहे हैं।
जिलाधिकारी ने निर्माण कार्यों को पूर्ण करने की तय की है डेडलाईन, निर्धारित समयावधि में हरहाल में कार्य पूर्ण करने के निर्देश सम्बन्धित अधिकारियों को दिए गए हैं। जिलाधिकारी सविन बंसल ने अपनी कार्यशैली के अनुसार कई करोड़ के जन सरंचनाओं के एक साथ काम उठवाए है शहर के चौक निर्माण, पहाड़ीशैली सौन्दर्यीकरण व साईड रोड निर्माण कार्य किया जा रहा है। पहली बार टैªफिक सुगमता, जनसुरक्षा एवं पारम्परिक लोक संस्कृति दर्शन, एक साथ होंगे साथ ही कुठालगेट एवं अन्य चौहारों पर एकसाथ उच्च स्तर आधुनिकरण की ओर बढ रहे हैं, जिनके मानसून पूर्व कार्य पूर्ण हो जाएगा।

Written by
Hill Mail

हिल-मेल का प्रयास जनमानस की आवाज को सही स्तर तक पहुंचाना है। हमने कोशिश की है कि हिल-मेल पहाड़ से जुड़े जनमानस के बीच एक मंच और एक अभियान के रूप में आगे बढ़े। हिल-मेल प्रयत्न कर रहा है कि हिमालय के आंचल में रोजाना की घटने वाली सामाजिक, आर्थिक, राजनीतिक, धार्मिक और दैवीय घटनाओं की जानकारी जल्दी से जल्दी लोगों को मिलती रहे।

Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Articles

प्रेशर हॉर्न पर अब सख्ती, दूसरी बार पकड़े जाने पर ₹10 हजार चालान

उत्तराखंड में वाहनों में प्रेशर हॉर्न लगाने और उनका अनावश्यक इस्तेमाल करने...