[fvplayer id=”10″]
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शहीद स्थल रामपुर तिराहा, मुजफ्फरनगर, (उ.प्र.) में उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारी शहीदों की पुण्य स्मृति में आयोजित कार्यक्रम में प्रतिभाग करते हुए शहीद स्मारक में पुष्पांजलि अर्पित कर शहीदों को श्रद्धांजलि दी।
READ MORE02 अक्तूबर 1994 का दिन स्वाधीन भारत में उत्तराखंड राज्य आन्दोलन के इतिहास का वह काला अध्याय है, जिस दिन उत्तराखंड की अस्मिता पर हमला हुआ और गांधी जयंती कलंकित हुई। यह वह दिन था, जिस दिन पूर्व प्रधानमंत्री स्व. लाल बहादुर शास्त्री और राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की जयन्ती पर पूरी दुनियां को अहिंसा का संदेश देने वाले भारत में हिंसा का सबसे बड़ा तांडव हुआ।
READ MOREप्लास्टिक की बोतलों से हानिकारक केमिकलों के रिसने का खतरा बना रहता है, खासकर अगर पानी को लंबे समय तक इन बोतलों में स्टोर किया जाता है, या फिर इन्हें धूप या बेहद अधिक तापमान में छोड़ दिया जाता है। कई ब्रांड पानी को सुरक्षित और बेस्ट क्वालिटी का दावा करके बेच रहे हैं। लेकिन जिसे हम अमृत समझ कर पीते हैं उस पानी में कई ऐसे घटक हो सकते हैं जो हमारे स्वास्थ्य पर गहरा प्रभाव डाल सकते हैं।
READ MOREमुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के भू-कानून की दिशा में लिए गए निर्णय के बाद प्रदेश में अवैध रूप से जमीनों की खरीद फरोख्त करने वालों के खिलाफ सरकार ने कार्रवाई तेज कर दी है।
READ MOREमुख्य सचिव राधा रतूड़ी का कार्यकाल छह माह के लिए बढ़ा दिया गया है। अब वह 31 मार्च 2025 तक इस पद पर बनी रहेंगी।
READ MOREराज्य में जिन भी व्यक्तियों ने पर्यटन, उद्योग आदि व्यवसायिक गतिविधियों के लिए अनुमति लेकर भूमि क्रय की है, परंतु उस भूमि का उपयोग इस प्रयोजन हेतु नहीं किया, ऐसी जमीनों का विवरण तैयार किया जा रहा है और ऐसे लोगों के विरुद्ध भी सख्त कार्यवाही की जायेगी।
READ MORE


[fvplayer id=”10″]

उत्तराखंड में साहसिक पर्यटन गतिविधियों की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। टिहरी जिले के देवप्रयाग क्षेत्र में बंजी जंपिंग करने के कुछ ही समय बाद देहरादून के एक 21 वर्षीय युवक की तबीयत अचानक बिगड़ गई और अस्पताल ले जाते समय उसकी मौत हो गई। चिकित्सकों ने प्राथमिक जांच में कार्डियक अरेस्ट अथवा सिंकोप अटैक (अचानक बेहोशी और हृदय संबंधी समस्या) की आशंका जताई है। घटना के बाद परिवार में मातम छा गया है, वहीं प्रशासन और संबंधित एजेंसियों की ओर से मामले की जांच की जा रही है।
READ MORE
उत्तराखंड ही नहीं बल्कि उत्तर भारत के प्रमुख चिकित्सा संस्थानों में शामिल एम्स ऋषिकेश में मरीजों की लगातार बढ़ती संख्या अब संस्थान की क्षमता पर भारी पड़ने लगी है। रोजाना तीन हजार से अधिक मरीज ओपीडी में पहुंच रहे हैं, जबकि अस्पताल की कुल बेड क्षमता एक हजार है। बढ़ती भीड़ और सीमित संसाधनों के कारण मरीजों को उपचार के लिए लंबा इंतजार करना पड़ रहा है। ऐसे में पिछले आठ वर्षों से लंबित 200 एकड़ भूमि पर प्रस्तावित विस्तार योजना एक बार फिर चर्चा में आ गई है। विशेषज्ञों और अस्पताल प्रशासन का मानना है कि यदि जल्द विस्तार नहीं हुआ तो आने वाले वर्षों में स्थिति और गंभीर हो सकती है।
READ MORE