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इन राज्यों से आने वाले लोगों को उत्तराखंड में सीधे एंट्री नहीं, हरिद्वार कुंभ के मद्देनजर आई नई गाइडलाइंस

हरिद्वार कुंभ के समय देश के कई राज्यों में कोरोना बढ़ता देख उत्तराखंड सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। कुंभ के दौरान हालात को बिगड़ने से रोकने के लिए सरकार ने नई गाइडलाइंस जारी की है। इसकी अवधि 1 अप्रैल से शुरू होकर 30 अप्रैल तक होगी।

दरअसल, कुंभ के समय एक आश्रम से 32 लोग कोरोना पॉजिटिव निकले हैं, जिससे सरकार को नियम सख्त करने के लिए मजबूर होना पड़ा है। जी हां, 1 अप्रैल से दिल्ली, यूपी, महाराष्ट्र, पंजाब, केरल, कर्नाटक, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, तमिलनाडु, गुजरात, हरियाणा और राजस्थान से आने वाले लोगों को सीधे प्रदेश में एंट्री नहीं मिलेगी।

नई गाइडलाइंस के मुताबिक इन राज्यों से आने वाले लोगों को अपने साथ कोरोना निगेटिव रिपोर्ट लानी होगी। ये आरटी-पीसीआर टेस्ट होना चाहिए और उसकी निगेटिव रिपोर्ट होनी चाहिए। इतना ही नहीं, यह रिपोर्ट 72 घंटे से ज्यादा पुरानी नहीं होनी चाहिए।

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उत्तराखंड में कोरोना के मामले पिछले कई दिनों से 100 से ज्यादा आ रहे हैं। कुल केस देखें तो आंकड़ा एक लाख को पार कर गया है।

65 साल से अधिक उम्र, गंभीर रूप से बीमार, गर्भवती महिलाओं और 10 साल से कम उम्र के बच्चों को सामान्य परिस्थितियों में यात्रा न करने की सलाह दी गई है। जिला प्रशासन को एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन, बॉर्डर चेक पोस्ट पर रैंडम कोविड-19 टेस्टिंग की व्यवस्था करने को कहा गया है। हालांकि राज्य के भीतर या एक राज्य से दूसरे राज्य में जरूरी वस्तुओं और सेवाओं की आवाजाही पर कोई पाबंदी नहीं है।

कोरोना के मामले बढ़ता देख सरकार को स्थानीय स्तर पर कड़े कदम उठाने पड़े हैं। ऋषिकेश के हरिपुर कला और गीता कुटीर इलाकों में पूरी तरह से लॉकडाउन लगा दिया गया है। यहां लोगों के घर से बाहर निकलने पर भी पाबंदी है। घर से एक व्यक्ति जरूरी सामान के लिए ही जा सकता है।

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