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हंस फाउंडेशन की सोलर लाइट से रोशन हुई भिलंगना ब्लॉक के गेंवाली गांव के परिवारों की जिंदगी

उत्तराखंड के दूरस्थ क्षेत्रों में बसे गांव के लोग इन दिनों कड़ाके की ठंड से गुजर रहे हैं। ऐसे में इन ग्रामीणों के सामने कई तरह की चुनौतियां पैदा हो रही हैं। पहाड़ के दूरस्थ क्षेत्रों में कई गांव ऐसे हैं, जिन तक पहुंचना आज के समय में किसी चुनौती से कम नहीं होता है।

बदलते मौसम के मिजाज और बारिश के कारण पहाड़ के दूरस्थ क्षेत्रों में बसे गांव कई बार आम जनजीवन से कट जाते हैं। ऐसे में इन गांवों में रह रहे ग्रामीणों को बिजली-पानी जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ता है। बिजली न होने से कई बार इन गांवों में रहने वाले लोगों और पशुओं को जंगली जानवरों का सामना भी करना पड़ता है। इन गांवों में एक है बूढ़ाकेदार पट्टी का गेंवाली गांव, यहां की कठिन चुनौतियों से लोगों को राहत देने का बीड़ा उठाया है हंस फाउंडेशन ने।

हंस फाउंडेशन ने गेंवाली गांव के 50 से अधिक परिवारों के जीवन में माताश्री मंगला जी एवं श्री भोलेजी महाराज के आशीष से रोशनी की किरण पहुंचाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। हंस फाउंडेशन ने बूढ़ाकेदरा पट्टी के गेंवाली गांव के ग्रामीणों को हंस ऊर्जा पावर पैक, सोलर लाइटें प्रदान की हैं। इसके बाद भिलंगना ब्लॉक के दूरस्थ क्षेत्र में बसे इस गांव के ग्रामीणों के चेहरों पर खुशी की लहर है।

गेंवाली गांव के ग्रामीणों ने हंस फाउंडेशन द्वारा उन्हें हंस ऊर्जा पावर पैक प्रदान करने के लिए माताश्री मंगला जी एवं श्री भोले जी महाराज का कोटि-कोटि आभार व्यक्त किया है। गांववालों का कहना है कि हम सभी सौभाग्यशाली हैं कि पहाड़ के इतने दुर्गम इलाके तक हंस फाउंडेशन ने हमारे खेत-खलिहानों तक रोशनी की किरण पहुंचाई है। यह निश्चित तौर पर हमारे लिए माता मंगला जी एवं श्री भोले जी महाराज का वरदान हैं, जिसकी वजह से बर्फबारी और बारिश के कारण बिजली न होते हुए भी हम और हमारे पशु रोशनी में रह पाएंगे।

आपको बता दें कि हंस फाउंडेशन उत्तराखंड के दूरस्थ क्षेत्रों में बसे ग्रामीणों तक इससे पहले भी हंस ऊर्जा पावर पैक, सोलर लाइट पहुंचा कर उनके जीवन को रोशन करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। इतना ही नहीं, फाउंडेशन स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में भी निरंतर सेवाएं प्रदान कर रहा है।

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Hill Mail

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