[fvplayer id=”10″]
एयर वाइस मार्शल राजेश भंडारी का देश की सर्वोच्च रक्षा सेवा में योगदान अत्यंत सराहनीय रहा है। उनका समर्पण, नेतृत्व क्षमता और उत्कृष्ट सेवाएं क्षेत्र के लिए प्रेरणास्रोत हैं।
READ MOREकाण्डा ग्राम पंचायत की शांत वादियों में बसा एक छोटा सा पहाड़ी गांव आज आत्मनिर्भरता की मिसाल बन चुका है। यह गांव पोखरी विकासखंड के अंतर्गत आता है, जो अपने प्राकृतिक सौंदर्य के साथ-साथ कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के लिए भी जाना जाता है। इन्हीं चुनौतियों के बीच कमल रावत और उनकी पत्नी रेखा देवी ने अपने परिश्रम और दृढ़ संकल्प से एक नई कहानी लिखी है।
READ MOREगढ़वाल राइफल्स रेजीमेंटन सेंटर को उत्कृष्ट प्रशिक्षण स्तर, प्रशासनिक दक्षता और अनुकरणीय सेवा के लिए जनरल ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ, मध्य कमान द्वारा प्रतिष्ठित यूनिट साइटेशन से सम्मानित किया गया।
READ MOREभारतीय सेना और जापान ग्राउंड सेल्फ-डिफेंस फोर्स (जेजीएसडीएफ) के बीच वार्षिक संयुक्त सैन्य अभ्यास ‘धर्म गार्डियन’ का 7वां संस्करण उत्तराखंड के चौबटिया स्थित विदेशी प्रशिक्षण केंद्र में शुरू हो गया है। यह अभ्यास 24 फरवरी से 9 मार्च 2026 तक आयोजित किया जाएगा।
READ MOREगढ़वाल के दूरस्थ इलाकों में महंगे फोटोग्राफरों की सेवाएं आम लोगों की पहुंच से बाहर होती हैं। ऐसे में सोहन रावत ने सस्ती, भरोसेमंद और पेशेवर सेवाएं देकर लोगों का विश्वास जीता। उनकी मेहनत और लगन का परिणाम है कि आज उनका व्यवसाय निरंतर प्रगति कर रहा है।
READ MOREसांस्कृतिक संस्था पर्वतीय कला केंद्र द्वारा संस्था के संस्थापक तथा रंगमंच जगत के सुप्रसिद्ध संगीतकार स्व. मोहन उप्रेती के 98वें जन्मदिवस पर संस्था की 58 वर्षों की उपलब्धियों पर आधारित स्मारिका का लोकार्पण तथा उनके द्वारा गीत-नाट्यों और नाटकों का प्रभावशाली एवं मनमोहक मंचन किया गया।
READ MORE


[fvplayer id=”10″]

उत्तराखंड को लंबे समय से देश की “वीरभूमि” और “सैनिक प्रदेश” के रूप में जाना जाता है। राज्य के लगभग प्रत्येक पाँचवें परिवार का कोई न कोई सदस्य सेना, अर्धसैनिक बलों या पूर्व सैनिक समुदाय से जुड़ा हुआ है। ऐसे प्रदेश में सैनिकों के सम्मान से जुड़ी किसी भी पहल का महत्व केवल प्रशासनिक या राजनीतिक नहीं, बल्कि सामाजिक, सांस्कृतिक और भावनात्मक भी होता है। यही कारण है कि देहरादून में निर्मित “सैन्य धाम” परियोजना आरम्भ से ही चर्चा और विवाद दोनों का विषय बनी हुई है।
READ MORE
विश्व पर्यावरण दिवस 2026 के अवसर पर 127 इन्फैंट्री बटालियन (टेरिटोरियल आर्मी) ईको गढ़वाल राइफल्स, जिसे “गढ़वाल ग्रीनर्स” के नाम से जाना जाता है, द्वारा उत्तराखण्ड में पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन का स्वरूप देने के उद्देश्य से 02 से 05 जून तक पर्यावरण सप्ताह का व्यापक आयोजन किया गया। “भागीदारी और जिम्मेदारी” विषय पर आधारित इस अभियान के अंतर्गत देहरादून, सहिया और कस्याली सहित विभिन्न क्षेत्रों में पर्यावरण संरक्षण से जुड़ी अनेक गतिविधियों का सफल संचालन किया गया।
READ MORE